इटावा के लोधी मोहल्ला निवासी 23 वर्षीय मोना शंखवार की 16 जून की शाम संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. मृतका के भाई शिवम और मां राधा देवी ने पति सचिन, सास हंसमुखी और अन्य ससुरालियों पर दहेज के लिए गला दबाकर हत्या करने का आरोप लगाया है. घटना के बाद से आरोपी ससुराल पक्ष के लोग फरार हैं. कोतवाली पुलिस ने मृतका की मां की शिकायत पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज किया है और ससुर बलराम शंखवार को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवाया है और मामले की गहन जांच कर रही है. आगरा के जैतपुर की रहने वाली मोना की शादी 12 मार्च 2026 को सचिन शंखवार के साथ हुई थी. मायके पक्ष का आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल वाले दहेज की मांग को लेकर मोना को लगातार प्रताड़ित कर रहे थे. पति सचिन बेरोजगार था, जिसके कारण सास अक्सर मोना के साथ बुरा व्यवहार करती थी. मायके वालों का दावा है कि उन्होंने शादी बहुत धूमधाम से की थी, लेकिन लालची ससुराल वालों ने उनकी बेटी की जान ले ली. घटना के दिन ससुराल वाले मोना को जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. इमरजेंसी में तैनात डॉ. राहुल बाबू ने बताया कि महिला के गले पर फांसी लगाने जैसे निशान मौजूद थे. मृतका के भाई शिवम ने आरोप लगाया है कि उन्हें मौत की सूचना तक नहीं दी गई और सीधे अस्पताल बुलाकर शव के पास ले जाया गया. अस्पताल में दोनों पक्षों के बीच काफी हंगामा भी हुआ. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह स्पष्ट हो पाएगी. सीओ सिटी रामगोपाल शर्मा ने बताया कि पुलिस ने पांच नामजद आरोपियों के खिलाफ अभियोग पंजीकृत कर लिया है. ससुर की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस सास हंसमुखी शंखवार- जो 2014 में कांग्रेस से लोकसभा प्रत्याशी रह चुकी हैं- और अन्य फरार आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही है. पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी साक्ष्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
दहेज की मांग के बीच संदिग्ध परिस्थितियों में भारतीय महिला की मौत
Aaj Tak•

Full News
Share:
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Achira News.
Publisher: Aaj Tak
Want to join the conversation?
Download our mobile app to comment, share your thoughts, and interact with other readers.