Achira News Logo
Achira News

मध्य प्रदेश का फसल संकटः कम बारिश ने धान, सोयाबीन और मक्के की फसलों पर भारी असर डाला

Amar Ujala
मध्य प्रदेश का फसल संकटः कम बारिश ने धान, सोयाबीन और मक्के की फसलों पर भारी असर डाला
Full News
Share:

कम बारिश का सबसे ज्यादा असर धान, सोयाबीन और मक्का की फसलों पर पड़ रहा है। जबलपुर के पाटन क्षेत्र में धान के खेतों में दरारें पड़ गई हैं। वहीं शाजापुर और उज्जैन संभाग के कई इलाकों में नमी की कमी से सोयाबीन की फसल कमजोर पड़ रही है और इल्ली व यलो मोजेक वायरस का प्रकोप बढ़ने लगा है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर बारिश नहीं हुई तो उत्पादन में भारी गिरावट आ सकती है। कई किसानों का कहना है कि उन्होंने कर्ज लेकर खेती की है, लेकिन बारिश की कमी से फसल खराब होने लगी है। किसानों ने प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराने, तकनीकी सलाह देने और समय पर दवाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।विज्ञापनपूरे प्रदेश में केवल बड़वानी, ग्वालियर, भिंड, बुरहानपुर, देवास, खंडवा और खरगोन ऐसे जिले हैं, जहां अब तक सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। बाकी अधिकांश जिले अभी भी बारिश की कमी से जूझ रहे हैं।विज्ञापनयह भी पढ़ें-सीलिंग पर सियासत तेज: कांग्रेस ने घेरा निगम मुख्यालय, भोपाल निगम की तैयारी तेज,आदेश मिलते ही फिर होगी कार्रवाईमौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में प्रदेश के उत्तरी और कुछ अन्य हिस्सों में तेज बारिश की संभावना जताई है। श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, गुना, टीकमगढ़, छतरपुर और सागर में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर समेत कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं।

Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Achira News.
Publisher: Amar Ujala

Want to join the conversation?

Download our mobile app to comment, share your thoughts, and interact with other readers.