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Dainik Jagran
Aug 3, 2026, 01:13 PM
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने माइक स्मिथ को नया बल्लेबाजी कोच नियुक्त किया

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने माइक स्मिथ को नया बल्लेबाजी कोच नियुक्त किया

बल्लेबाजों के लगातार खराब प्रदर्शन से परेशान पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने दक्षिण अफ्रीका के पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर माइक स्मिथ को राष्ट्रीय टीम का नया बल्लेबाजी कोच बनाया है। वह आगामी इंग्लैंड दौरे के लिए टीम के साथ जुड़ेंगे। लेवल चार के बल्लेबाजी कोच स्मिथ को टी-20 फ्रेंचाइजी क्रिकेट के साथ काफी अनुभव है, विशेषकर पाकिस्तान सुपर लीग की कई टीम के साथ काम करने का। पीसीबी के एक भरोसेमंद सूत्र ने कहा कि स्मिथ के साथ यह करार मौखिक रूप से किया गया था। पीसीबी द्वारा विज्ञापन दिए जाने के बाद बल्लेबाजी कोच के पद के लिए आवेदन करने पर उन्हें दावेदारों की सूची से छांटा गया। स्मिथ को इस महीने इंग्लैंड में पाकिस्तान टीम से जुड़ने के लिए हरी झंडी मिलने की उम्मीद है, जहां 19 अगस्त से तीन टेस्ट मैच होने हैं। स्मिथ राष्ट्रीय चयनकर्ता असद शफीक की जगह लेंगे जो अंतरिम बल्लेबाजी कोच के तौर पर काम कर रहे हैं और अभी राष्ट्रीय टीम के साथ वेस्टइंडीज में हैं। पाकिस्तान की बल्लेबाजी का स्तर पिछले कुछ समय से लगातार गिरता जा रहा है। पाकिस्तानी टीम को अपने घर पर बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट सीरीज में हार मिली। इसके बाद बांग्लादेश में भी हार मिली। हार के मुख्य कारणों में टीम की खराब बल्लेबाजी भी थी। वेस्टइंडीज के खिलाफ त्रिनिदाद में खेले गए पहले टेस्ट मैच में भी पाक की बल्लेबाजी ने निराश किया। इसके बाद अब इंग्लैंड दौरे से स्मिथ टीम की बल्लेबाजी कोचिंग की जिम्मेदारी संभालेंगे। अर्शदीप सिंह को नॉर्थ जोन की टीम में दलीप ट्रॉफी के लिए मिली जगह, जम्मू-कश्मीर के कन्हैया वधावन बने कप्तान ICC का भारतीय मूल के खिलाड़ी पर चला हंटर, मैच फिक्सिंग की वजह से लगा 8 सालों का बैन
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Aug 3, 2026, 12:24 PM
भारतीय छात्रा साक्षी ने अंडर-19 एशिया कॉर्फबॉल टूर्नामेंट में महिला सर्वश्रेष्ठ स्कोरर का पुरस्कार जीता

भारतीय छात्रा साक्षी ने अंडर-19 एशिया कॉर्फबॉल टूर्नामेंट में महिला सर्वश्रेष्ठ स्कोरर का पुरस्कार जीता

साक्षी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला दधोल (जिला बिलासपुर) में जमा दो की छात्रा हैं। 27 जुलाई से 31 जुलाई तक बैंकॉक (थाईलैंड) में अंडर-19 एशिया कोर्फबाल प्रतियोगिता में भारतीय टीम की ओर से खेलते हुए साक्षी ने शानदार प्रदर्शन किया।विज्ञापनसाक्षी ने महिला बेस्ट स्कोरर का पुरस्कार एशियन कोर्फबाल फेडरेशन के अध्यक्ष से प्राप्त किया। भारतीय टीम के मुख्य कोच विनोद ठाकुर तथा टीम प्रबंधक बालकृष्ण शर्मा ने बताया कि साक्षी ने अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से देश और हिमाचल प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। अखिल भारतीय कोर्फबाल संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष हिमांशु मिश्रा, हिमाचल प्रदेश कोर्फबाल की अनुशासन एवं विकास समिति के अध्यक्ष बीआर सुमन ने साक्षी को बधाई दी।
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Aug 3, 2026, 12:19 PM
भारतीय एथलीट लक्ष्मी नारायण ने नेपाल में अंतर्राष्ट्रीय खेलों में तीन स्वर्ण पदक जीते

भारतीय एथलीट लक्ष्मी नारायण ने नेपाल में अंतर्राष्ट्रीय खेलों में तीन स्वर्ण पदक जीते

संवाद न्यूज एजेंसीगुरुग्राम। संयुक्त भारतीय खेल फाउंडेशन (एसबीकेएफ) के तत्वावधान में नेपाल के पोखरा में 23 से 27 जुलाई तक एसबीकेएफ अंतरराष्ट्रीय गेम्स का आयोजन किया गया। इसमें जिले के एथलीट लक्ष्मी नारायण ने 60 से अधिक आयु वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए तीन स्वर्ण पदक जीतकर जिले और प्रदेश का नाम रोशन किया। प्रतियोगिता में 30 वर्ष से लेकर 100 वर्ष तक के खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में हिस्सा लिया।60 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में प्रतिस्पर्धा करते हुए लक्ष्मी नारायण ने 3000 मीटर पैदल चाल में पहला स्थान हासिल कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इसके अलावा उन्होंने 1500 मीटर दौड़ और 3000 मीटर दौड़ में भी प्रथम स्थान प्राप्त करते हुए दो और स्वर्ण पदक जीतकर प्रतियोगिता में अपनी श्रेष्ठता साबित की। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तीन स्वर्ण पदक जीतकर स्वदेश लौटने पर उनके पैतृक गांव खेड़की दौला में ग्रामीणों, सामाजिक संगठनों और खेल प्रेमियों ने उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान उन्हें सम्मानित कर उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन पर बधाई दी गई।विज्ञापनवक्ताओं ने कहा कि लक्ष्मी नारायण ने यह साबित कर दिया है कि उम्र केवल एक संख्या है और दृढ़ इच्छाशक्ति व नियमित अभ्यास से किसी भी उम्र में बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं। लक्ष्मी नारायण का कहना है कि नेपाल में देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए गर्व का विषय रहा। तीनों स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतना उनके वर्षों के कठिन परिश्रम और नियमित अभ्यास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनका नहीं, बल्कि पूरे गुरुग्राम, हरियाणा और देश का सम्मान है।
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Aug 3, 2026, 12:15 PM
सोहना की काशीका ने राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में तीसरा स्थान हासिल किया

सोहना की काशीका ने राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में तीसरा स्थान हासिल किया

सोहना स्थित ताऊ देवीलाल स्टेडियम की खिलाड़ी काशीका ने अंडर-17 आयु वर्ग की रिकर्व राउंड (60 मीटर) स्पर्धा में बेहतरीन निशानेबाजी का प्रदर्शन कर तीसरा स्थान हासिल किया। उनकी इस सफलता से जिले और सोहना क्षेत्र का नाम प्रदेश स्तर पर गौरवान्वित हुआ है। काशीका के प्रशिक्षक एवं खेल विभाग गुरुग्राम के जिला तीरंदाजी प्रशिक्षक भगवत सिंह ने बताया कि काशीका नियमित रूप से तीरंदाजी का अभ्यास कर रही हैं। उनकी मेहनत और अनुशासन का ही परिणाम है कि उन्होंने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। काशीका की इस उपलब्धि पर खेल उप निदेशक गिर्राज सिंह, स्टेडियम समिति सोहना के अध्यक्ष एवं उपमंडल अधिकारी सोहना अखिलेश कुमार (एचसीएस), कार्यवाहक जिला खेल अधिकारी गुरुग्राम आरती कोहली, हरियाणा तीरंदाजी संघ के उपाध्यक्ष एवं जिला तीरंदाजी संघ गुरुग्राम के अध्यक्ष पवन शर्मा ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। संवाद
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Aug 3, 2026, 12:14 PM
हरियाणा ने तीन नए खेलों वाले 59वें राज्य स्तरीय स्कूल खेलों का कैलेंडर जारी किया

हरियाणा ने तीन नए खेलों वाले 59वें राज्य स्तरीय स्कूल खेलों का कैलेंडर जारी किया

59वीं राज्य स्तरीय स्कूली खेल प्रतियोगिता का कैलेंडर जारीसंवाद न्यूज एजेंसीगुरुग्राम। हरियाणा माध्यमिक शिक्षा निदेशालय, पंचकूला ने सत्र 2026-27 की 59वीं राज्य स्तरीय स्कूली खेल प्रतियोगिताओं का आधिकारिक कैलेंडर जारी कर दिया है। इस बार प्रतियोगिताओं में तीन नए खेल वुशू, मॉडर्न पेंटाथलॉन और स्क्वैश को शामिल किया गया है। इसके साथ ही राज्य स्तरीय स्कूली खेलों की कुल संख्या 30 से बढ़कर 33 हो गई है। कैलेंडर के अनुसार 22 से 24 अगस्त तक गुरुग्राम में राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा।जिले को इस वर्ष तीन प्रमुख खेलों की मेजबानी मिली है। इनमें अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 बालक वर्ग की क्रिकेट एवं लॉन टेनिस प्रतियोगिताएं, जबकि अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 बालक एवं बालिका वर्ग की शतरंज और बैडमिंटन प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। तीन दिवसीय इस आयोजन में प्रदेश के सभी जिलों से सैकड़ों खिलाड़ी भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। सहायक शिक्षा अधिकारी (खेल) जगदीश अहलावत ने बताया कि निदेशालय की ओर से प्रतियोगिताओं की तिथियां घोषित कर दी गई हैं और गुरुग्राम को क्रिकेट, लॉन टेनिस तथा शतरंज की राज्य स्तरीय स्पर्धाओं की मेजबानी सौंपी गई है।विज्ञापननिदेशालय ने प्रतियोगिताओं के लिए कड़े दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। सभी खिलाड़ियों के लिए आयु सत्यापन परीक्षण (एवीटी), नगर निगम अथवा स्थानीय निकाय द्वारा जारी कम से कम पांच वर्ष पुराना जन्म प्रमाण पत्र, स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट (एसएलसी) तथा अंक तालिका प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। यदि कोई खिलाड़ी दो विद्यालयों में नामांकित पाया गया या उसके दस्तावेज फर्जी मिले, तो संबंधित टीम पर दो वर्ष का प्रतिबंध लगाया जाएगा तथा दोषी अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाएगी। निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि प्रतियोगिताओं की तिथियां एसजीएफआई राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं, खेल महाकुंभ और एसएटी परीक्षाओं को ध्यान में रखकर तय की गई हैं। इसलिए निर्धारित कार्यक्रम में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किया जाएगा।
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Aug 3, 2026, 12:13 PM
2026 राष्ट्रमंडल खेलों में पाकिस्तान का अपमान, भारत ने रचा इतिहास

2026 राष्ट्रमंडल खेलों में पाकिस्तान का अपमान, भारत ने रचा इतिहास

2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में जहां एक तरफ भारत का प्रदर्शन शानदार रहा, वहीं पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान की इंटरनेशनल बेइज्जती हुई. भारत ने इस मेगा इवेंट में कुल 39 मेडल जीतकर इतिहास लिखा. पाकिस्तान की बात करें तो उसके हिस्से सिर्फ एक मेडल आया. पाकिस्तान के खिलाड़ी जीरो गोल्ड और जीरो सिल्वर मेडल जीते. इसके अलावा बांग्लादेश का तो खाता भी नहीं खुला. इस बार के कॉमनवेल्थ गेम्स में बांग्लादेश के खिलाड़ी कोई मेडल नहीं जीत सके. कॉमनवेल्थ गेम्स में पाकिस्तान का प्रदर्शन शर्मनाक रहा. ग्लास्गो में खेले गए इस मेगा इवेंट में पाकिस्तान के कुल 21 खिलाड़ी थे. फिर भी वो सिर्फ एक मेडल ही जीत सके. वहीं बांग्लादेश तो अपना खाता भी नहीं खोल पाया. ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पाकिस्तान केवल एक ब्रॉन्ज मेडल ही जीत सका. यह पिछले 36 सालों में पाकिस्तान का सबसे खराब प्रदर्शन था, जिससे देश की खेल प्रणाली पर गंभीर सवाल उठते हैं. पाकिस्तान के सबसे बड़े स्टार भाला फेंक चैंपियन अरशद नदीम बिना मेडल के ही खाली हाथ अपने देश लौटे. ग्लास्गो में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पाकिस्तान के लिए महिला बॉक्सिंग खिलाड़ी फातिमा जाहरा ने 60 किग्रा श्रेणी में कांस्य पदक (ब्रॉन्ज मेडल) जीतकर देश की लाज बचाई. वरना बांग्लादेश की तरह पाकिस्तान का भी खाता नहीं खुलता. ग्लास्गो में खेले गए 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का प्रदर्शन शानदार रहा. भारत 39 मेडल के साथ चौथे नंबर पर रहा. भारत के 122 सदस्यीय दल ने 13 गोल्ड मेडल, 17 सिल्वर मेडल और 9 ब्रॉन्ज मेडल जीते. भारतीय मुक्केबाजों ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए रिकॉर्ड सात गोल्ड मेडल और कुल मिलाकर 10 मेडल हासिल किए.
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Aug 3, 2026, 11:56 AM
अनुभवी बल्लेबाजी कोच स्मिथ फ्रेंचाइजी आधारित लीगों में विशेषज्ञता लाते हैं

अनुभवी बल्लेबाजी कोच स्मिथ फ्रेंचाइजी आधारित लीगों में विशेषज्ञता लाते हैं

स्मिथ लेवल-4 के बल्लेबाजी कोच हैं और उनके पास फ्रेंचाइजी आधारित टी20 लीग की टीमों का कोच बनने का अनुभव है। वह पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) में कई टीमों के साथ काम कर चुके हैं। सूत्र ने बताया कि जब पीसीबी ने बल्लेबाजी कोच पद के लिए विज्ञापन निकाला था तभी स्मिथ ने इसके लिए आवेदन किया था जिसके बाद पीसीबी ने स्मिथ के साथ मौखिक रूप से करार भी तय कर लिया था। माना जा रहा है कि स्मिथ को इंग्लैंड में पाकिस्तान टीम के साथ जुड़ने के लिए हरी झंडी मिल सकती है। पाकिस्तान को 19 अगस्त से इंग्लैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैच खेलने हैं।विज्ञापनस्मिथ बल्लेबाजी कोच के तौर पर राष्ट्रीय चयनकर्ता असद शफीक की जगह लेंगे जो अंतरिम तौर पर ये जिम्मेदारी निभा रहे थे। शफीक फिलहाल राष्ट्रीय टीम के साथ वेस्टइंडीज में हैं।
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Aug 3, 2026, 11:49 AM
दलीप ट्रॉफी के लिए अर्शदीप सिंह को उत्तर क्षेत्र की टीम में शामिल किया गया

दलीप ट्रॉफी के लिए अर्शदीप सिंह को उत्तर क्षेत्र की टीम में शामिल किया गया

भारत के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह को सोमवार को आगामी दलीप ट्रॉफी के लिए नॉर्थ जोन की टीम में शामिल किया गया. वहीं, जम्मू-कश्मीर के विकेटकीपर-बल्लेबाज कन्हैया वाधवान को 15 सदस्यीय टीम की कमान सौंपी गई है. भारतीय टीम के लिए सीमित ओवरों के विशेषज्ञ माने जाने वाले अर्शदीप को 2025 के इंग्लैंड दौरे पर टेस्ट टीम में जगह मिली थी, लेकिन चोट और टीम संयोजन के कारण वह अब तक टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण नहीं कर सके हैं. हरियाणा के तेज गेंदबाज अंशुल कंबोज , जिन्हें हाल ही में टेस्ट टीम से बाहर किया गया था, उन्हें भी 23 अगस्त से शुरू हो रही दलीप ट्रॉफी के लिए नॉर्थ जोन की टीम में शामिल किया गया है. हाल ही में जम्मू-कश्मीर को ऐतिहासिक रणजी ट्रॉफी खिताब दिलाने वाले खिलाड़ियों को चयनकर्ताओं ने भरपूर इनाम दिया है. कप्तान कन्हैया वाधवान के अलावा सलामी बल्लेबाज कमरान इकबाल, ऑलराउंडर अब्दुल समद, बाएं हाथ के स्पिनर आबिद मुश्ताक, तेज गेंदबाज सुनील कुमार और युद्धवीर सिंह को भी टीम में जगह मिली है. दिल्ली के आयुष बदोनी को उपकप्तान बनाया गया है. वहीं, 41 साल के अनुभवी बल्लेबाज और जम्मू-कश्मीर के पूर्व कप्तान पारस डोगरा को टीम में शामिल नहीं किया गया. चयनकर्ताओं का मानना है कि दलीप ट्रॉफी युवा खिलाड़ियों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी दावेदारी मजबूत करने का मंच है. जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी इस टूर्नामेंट में नहीं खेल पाएंगे क्योंकि वह भारतीय टीम के साथ राष्ट्रीय दायित्व निभा रहे हैं. जम्मू-कश्मीर के बाद दिल्ली के सबसे अधिक चार खिलाड़ियों को नॉर्थ जोन टीम में जगह मिली है. इनमें सलामी बल्लेबाज सनत सांगवान, पूर्व कप्तान यश ढुल, मध्यक्रम के बल्लेबाज आयुष दोसेजा और उपकप्तान आयुष बदोनी शामिल हैं. स्पिन और ऑलराउंड विकल्प के तौर पर निशांत सिंधु, आबिद मुश्ताक और अर्जुन शर्मा टीम का हिस्सा हैं. कन्हैया वाधवान (कप्तान), आयुष बदोनी (उपकप्तान), सनत सांगवान, कमरान इकबाल, यश ढुल, आयुष दोसेजा, अब्दुल समद, निशांत सिंधु, अर्जुन शर्मा, आबिद मुश्ताक, अर्शदीप सिंह , सुनील कुमार, अंशुल कंबोज, युद्धवीर सिंह और निखिल कश्यप.
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Aug 3, 2026, 11:38 AM
भारतीय पहलवान फाइनल में पहुंचे, दिल्ली पुलिस ने नशामुक्ति अभियान को बढ़ावा दिया

भारतीय पहलवान फाइनल में पहुंचे, दिल्ली पुलिस ने नशामुक्ति अभियान को बढ़ावा दिया

चैंपियनशिप के पांचवें दिन भारतीय फ्रीस्टाइल कुश्ती टीम के सदस्य आर्यन खोखर ने लगातार शानदार मुकाबले जीतते हुए फाइनल में जगह बनाई।Baghpat: 'जिम वाली कांवड़' लेकर पहुंचे दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल, युवाओं को दिया नशामुक्ति का संदेश
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Aug 3, 2026, 11:37 AM
विराट कोहली और गौतम गंभीर की मैदान पर भिड़ंत के पीछे आक्रामक खेलने की शैलीः पूर्व अंपायर

विराट कोहली और गौतम गंभीर की मैदान पर भिड़ंत के पीछे आक्रामक खेलने की शैलीः पूर्व अंपायर

भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान विराट कोहली और मौजूदा कोच गौतम गंभीर का विवाद से पुराना नाता रहा है. दोनों ही खिलाड़ियों को कई बार मैदान पर एक-दूसरे के साथ झड़प करते हुए देखा जा चुका है. विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच आईपीएल में हुई नोकझोंक आज भी फैन्स के दिलों में ताजा है. साल 2013 के मुकाबले से लेकर 2023 तक दोनों दिग्गजों का गुस्सा कई बार मैदान पर दिखा है. अब पूर्व अंतरराष्ट्रीय अंपायर अनिल चौधरी ने जियो स्टार के शो चीकी सिंगल्स पर इस भिड़ंत के पीछे की वजह को लेकर बड़ा खुलासा किया है. अनिल चौधरी के मुताबिक दिल्ली और उत्तर भारत से आने वाले खिलाड़ियों के खेलने का अंदाज ही आक्रामक होता है. उन्होंने कहा कि मुझे पता था कि ऐसा कुछ होगा, क्योंकि उत्तर भारत के सभी खिलाड़ी आक्रामकता के साथ खेलते हैं. मैंने लोकल क्रिकेट भी खेला है और हमारे खिलाड़ी हमेशा ऐसे ही खेले हैं. अगर वे उस एग्रेशन के साथ न खेलें तो उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन बाहर नहीं आ पाता. हालांकि, इसकी एक सीमा होनी चाहिए और उसे पार नहीं किया जाना चाहिए. पूर्व अंपायर ने विराट कोहली का बचाव करते हुए कहा कि विराट के मन में किसी के प्रति कोई दुश्मनी की भावना नहीं होती है. बचपन से ही विराट के मैचों में अंपायरिंग कर चुके चौधरी ने कहा कि विराट मैदान पर काफी एग्रेशन के साथ रहते हैं. अगर अंपायर का फैसला सही हो तो वे थम्स-अप भी देते हैं और ओवरों के बीच आकर कंधे पर हाथ भी रखते हैं. खेल को बोरिंग होने से बचाने के लिए ऐसे खिलाड़ियों का होना बेहद जरूरी है. अनिल चौधरी के मुताबिक जब गंभीर-कोहली के बीच मैदान में कहासुनी हुई तो उन्हें इस बात का एहसास था कि कुछ बड़ा होने वाला है. साल 2013 के आईपीएल सीजन में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के मैच के दौरान विराट के आउट होने के बाद गंभीर से तीखी बहस हो गई थी. जिसे पूर्व क्रिकेटर रजत भाटिया ने शांत कराया था. ठीक 10 साल बाद IPL 2023 में लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के खिलाफ मैच में नवीन-उल-हक और गंभीर के साथ विराट की झड़प ने एक बार फिर क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी थी. इसी शो में पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज आकाश चोपड़ा ने वीरेंद्र सहवाग का एक मजेदार किस्सा भी शेयर किया. ऑस्ट्रेलिया दौरे पर सचिन तेंदुलकर को लगातार गलत आउट दिए जाने से नाराज सहवाग ने स्क्वायर लेग पर खड़े अंपायर स्टीव बकनर से सीधे कह दिया था कि स्टीव, आपकी उम्र कितनी है? 52 या 53? आप न सुन सकते हैं, न देख सकते हैं, आपको संन्यास ले लेना चाहिए!
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Aug 3, 2026, 11:36 AM
2026 राष्ट्रमंडल खेलों में भारत चौथे स्थान पर रहा, मुक्केबाज चमक रहे हैं

2026 राष्ट्रमंडल खेलों में भारत चौथे स्थान पर रहा, मुक्केबाज चमक रहे हैं

2026 कॉमनवेल्थ गेम्स का समापन हो चुका है. इस मेगा इवेंट में भारत का प्रदर्शन शानदार रहा. खासकर, भारत के मुक्केबाजों ने कमाल कर दिया. इस बार के कॉमनवेल्थ गेम्स में कई ऐसे खेल शामिल नहीं थे, जिसमें भारत का प्रदर्शन शानदार रहा है, लेकिन फिर भी भारतीय खिलाड़ियों ने कुल 39 मेडल जीते. मेडल टैली में भारत चौथे स्थान पर रहा. इस बार कॉमनवेल्थ गेम्स में सिर्फ 10 खेल शामिल थे. कुश्ती, निशानेबाजी, बैडमिंटन और हॉकी जैसे खेल इसमें शामिल नहीं थे, जिनमें भारत का प्रदर्शन अच्छा रहा है. ऐसे में इस इवेंट के आगाज से पहले ऐसा लग रहा था कि शायद इस बार भारत मेडल टैली के टॉप-5 देशों में शामिल नहीं होगा, लेकिन भारत के 122 सदस्यीय दल ने 13 गोल्ड मेडल, 17 सिल्वर मेडल और 9 ब्रॉन्ज मेडल जीतकर हर किसी को हैरान कर दिया. भारत को चौथा स्थान दिलाने में मुक्केबाजी की भूमिका अहम रही. भारतीय मुक्केबाजों ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए रिकॉर्ड सात गोल्ड मेडल और कुल मिलाकर 10 मेडल हासिल किए. जहां महिला मुक्केबाजों ने उम्मीदों पर खरा उतरते हुए शानदार प्रदर्शन किया, वहीं पुरुषों ने भी अपना पूरा दम दिखाया. इस प्रदर्शन को हालांकि इस संदर्भ में देखना जरूरी है कि कई यूरोपीय और एशियाई देशों की अनुपस्थिति के कारण प्रतियोगिता ओलंपिक या विश्व चैंपियनशिप जितनी कठिन नहीं थी. फिर भी भारत ने इस अवसर का पूरा लाभ उठाया. इसके अलावा जूडो भी भारत के लिए एक और बड़ा सकारात्मक पहलू था. लंबे समय से हाशिये पर रहने वाले इस खेल में कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया. अपने पिता के निधन के कुछ महीनों बाद अस्मिता डे का स्वर्ण पदक और हर्ष सिंह का खिताब पिछले कुछ वर्षों में इस खेल में देश की निरंतर प्रगति का पता चलता है. भारतीय पैरा खिलाड़ियों ने भी बड़े मंच पर अपनी प्रगति जारी रखी. पावरलिफ्टिंग से लेकर एथलेटिक्स तक, भारतीय पैरा खिलाड़ियों ने एक बार फिर साबित कर दिया कि पैरालंपिक खेलों में उनकी सफलता कोई संयोग नहीं थी. विभिन्न खेलों में मिले पदकों से देश की पैरा खेलों में बढ़ती ताकत का पता चलता है. एथलेटिक्स में भारत का प्रदर्शन मिश्रित रहा. चोट से उबरकर लौटे ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा और मेडल के कुछ अन्य दावेदार भी उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे, लेकिन एथलेटिक्स में कुछ यादगार प्रदर्शन भी देखने को मिले. तेजस्विन शंकर ने घुटने की चोट से उबरते हुए डेकाथलॉन में मेडल जीता, गुलवीर सिंह ने लंबी दूरी की दौड़ में अपनी छाप छोड़ी और वह दो मेडल जीतने वाले भारत के एकमात्र खिलाड़ी रहे. मुरली श्रीशंकर ने चोट के कारण लंबे समय तक खेल से दूर रहने के बाद वापसी करते हुए राष्ट्रमंडल खेलों में एक और सिल्वर मेडल जीता. भारोत्तोलन की बात करें तो चार साल पहले बर्मिंघम में तीन गोल्ड मेडल समेत 10 मेडल लेकर लौटने वाले भारतीय भारोत्तोलकों ने इस बार आठ मेडल जीते, लेकिन इनमें केवल एक गोल्ड मेडल शामिल है, जो मीराबाई चानू ने जीता था. अन्य खेलों की बात करें तो भारत लॉन बाउल्स में बर्मिंघम में जीते गए ऐतिहासिक स्वर्ण और रजत पदकों के प्रदर्शन को नहीं दोहरा पाय.। इसके अलावा साइकिलिंग और तैराकी में भी भारतीय खिलाड़ी अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाए. एथलेटिक्स में भी भारत और बेहतर प्रदर्शन कर सकता था, लेकिन इन खेलों से यह स्पष्ट हो गया कि भारत अब कुछ खेलों तक ही सीमित नहीं है. भारत अब 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स के 100 साल पूरे होने पर इन खेलों की मेजबानी करेगा. ग्लास्गो का प्रदर्शन भारत के लिए सकारात्मक पहलू रहा है और पूरी उम्मीद है कि चार साल बाद वह अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने में सफल रहेगा.
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Aug 3, 2026, 11:26 AM
दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत ने डब्ल्यू. एफ. आई. के पूर्व अध्यक्ष बजरंग पूनिया को बरी करते हुए उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया

दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत ने डब्ल्यू. एफ. आई. के पूर्व अध्यक्ष बजरंग पूनिया को बरी करते हुए उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया

दरअसल, दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और विनोद तोमर को बरी कर दिया है। इस पर सोनीपत के पूर्व ओलंपिक पद विजेता बजरंग पुनिया ने फोन पर कहा कि वह मामले को लेकर अब हाईकोर्ट का रुख करेंगे।
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Aug 3, 2026, 11:26 AM
दलीप ट्रॉफी के लिए अर्शदीप सिंह को उत्तर क्षेत्र की टीम में शामिल किया गया

दलीप ट्रॉफी के लिए अर्शदीप सिंह को उत्तर क्षेत्र की टीम में शामिल किया गया

भारत के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह को आगामी दलीप ट्रॉफी के लिए सोमवार को उत्तर क्षेत्र की टीम में शामिल किया गया, जबकि जम्मू-कश्मीर के विकेटकीपर बल्लेबाज कन्हैया वधवान को 15 सदस्यीय टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है। टीम इंडिया के लिए सफेद गेंद के विशेषज्ञ अर्शदीप को 2025 के इंग्लैंड दौरे के दौरान टेस्ट टीम में शामिल किया गया था, लेकिन चोट और संयोजन से जुड़ी समस्याओं के कारण वह भारत के लिए लाल गेंद के प्रारूप में डेब्यू नहीं कर पाए थे।
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Aug 3, 2026, 11:17 AM
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया में शामिल हुए औकिब नबी, चोटिल जसप्रित बुमरा की जगह ली

श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया में शामिल हुए औकिब नबी, चोटिल जसप्रित बुमरा की जगह ली

आकिब नबी (Auqib Nabi) ने सोमवार (03 अगस्त) को टीम इंडिया में जगह हासिल की. भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने एलान करते हुए बताया कि श्रीलंका दौरे पर खेली जाने वाली 2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए आकिब ने चोटिल जसप्रीत बुमराह को रिप्लेस किया. यह पहला मौका रहा कि जब जम्मू एंड कश्मीर से आने वाले आकिब को भारतीय स्क्वॉड का हिस्सा बनाया गया. टेस्ट सीरीज की शुरुआत 15 अगस्त से होगी. उससे पहले आइए जानते हैं कि आकिब की टोटल नेटवर्थ कितनी हैं, यानी वह कितने अमीर हैं. आकिब 2018 से जम्मू एंड कश्मीर के लिए घरेलू क्रिकेट खेल रहे हैं. 2020 में उन्होंने राज्य के लिए फर्स्ट क्लास डेब्यू किया था. पिछले यानी IPL 2026 के सीजन में आकिब को दिल्ली कैपिटल्स ने 8.40 करोड़ रुपये की कीमत में खरीदा था, जिसके साथ वह सीजन में सबसे महंगे बिकने वाले कुछ चुनिंदा अनकैप्ड प्लेयर्स में शामिल हुए. लंबे वक्त तक आकिब की कमाई का मुख्य जरिया घरेलू क्रिकेट रहा. रणजी के पिछले यानी 2025-26 सीजन में उन्होंने सबसे ज्यादा 60 विकेट लेकर सुर्खियां बटोरी थीं. इसके बाद उन्हें आईपीएल में खरीदा गया और उन्हें टीम इंडिया में लाने की चर्चा तेज हो गई. आईपीएल में अच्छा कॉन्ट्रैक्ट मिलने के बाद आकिब कई विज्ञापनों में भी नजर आए, जिससे उनकी कमाई में जाहिर तौर पर इजाफा हुआ होगा. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 2026 के पहले क्वार्टर तक आकिब की नेटवर्थ 10 से 15 करोड़ रुपये के बीच आंकी गई है. क्रिकेटर अक्सर कार और बाइक के शौकीन होते हैं, लेकिन फिलहाल जम्मू एंड कश्मीर के खिलाड़ी के कार और बाइक कलेक्शन की कोई जानकारी मौजूद नहीं हैं. नजर डालें आकिब नबी के करियर पर, तो अब तक उन्होंने 43 फर्स्ट क्लास, 36 लिस्ट-ए और 39 टी20 मुकाबले खेल लिए हैं. फर्स्ट क्लास की 71 पारियों में उन्होंने 162 विकेट लिए. इसके अलावा लिस्ट-ए की 36 पारियों में 56 विकेट चटकाए. बाकी टी20 की 39 पारियों में आकिब ने 43 विकेट लिए. आईपीएल के पहले सीजन में आकिब ने 5 मैच खेले, जिसमें कोई विकेट नहीं ले सके.
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Aug 3, 2026, 11:06 AM
आई. सी. सी. ने भ्रष्टाचार के लिए अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी पर 8 साल का प्रतिबंध लगाया

आई. सी. सी. ने भ्रष्टाचार के लिए अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी पर 8 साल का प्रतिबंध लगाया

इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने अमेरिका के क्रिकेटर बोडुगुम अखिलेश रेड्डी को एंटी-करप्शन के तीन अलग-अलग नियमों को तोड़ने का दोषी पाया है। इस वजह से ICC की एंटी करप्शन यूनिट ने उन पर 8 साल का बैन लगा दिया है। इस बैन के तहत वे अब किसी भी तरह के क्रिकेट में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। यह बैन 21 नवंबर 2025 से लागू माना जाएगा, क्योंकि इसी तारीख को उन्हें पहली बार अस्थायी रूप से सस्पेंड किया गया था । आईसीसी (ICC) की एंटी-करप्शन यूनिट टीम ने अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी को तीन बड़े नियमों को तोड़ने का दोषी पाया है। यह पूरा मामला UAE में 2025 में हुए अबू धाबी T10 टूर्नामेंट से जुड़ा है। इस टूर्नामेंट में भ्रष्टाचार रोकने की जिम्मेदारी अमीरात क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने ICC को सौंपी थी। जांच के दौरान ICC एंटी-करप्शन यूनिट ने पाया कि अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी ने मैचों में फिक्सिंग करने की कोशिश की थी। इसके अलावा, उन्होंने एक अन्य खिलाड़ी को भी फिक्सिंग के लिए उकसाया और जांच से बचने के लिए अपने मोबाइल से जरूरी सबूत और मैसेज डिलीट कर दिए। इन्हीं गंभीर आरोपों के सही साबित होने पर उन पर आठ साल का बैन लगाया गया है। अखिलेश रेड्डी की बात करें तो उन्होंने अप्रैल 2025 में अमेरिका (USA) के लिए कुल चार टी-20 T20I मैच खेले थे। इस साल भ्रष्टाचार-विरोधी नियम तोड़ने के मामले में फंसने वाले वह अमेरिका के दूसरे इंटरनेशनल खिलाड़ी हैं। उनसे पहले अमेरिका के ही बल्लेबाज एरॉन जोन्स को 2023-24 के सीजन में बारबाडोस के 'बिम10' टूर्नामेंट के दौरान आईसीसी (ICC) के पांच नियम तोड़ने के लिए सस्पेंड किया गया था और उन पर बैन लगाया गया था। पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत साई सुदर्शन बनाम देवदत्त पडिक्कल, अब तक टेस्ट में कैसा रहा है इन दोनों का प्रदर्शन Latest Cricket News
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Amar Ujala
Aug 3, 2026, 10:46 AM
भ्रष्टाचार के आरोप में अमेरिकी क्रिकेटर पर आठ साल का प्रतिबंध

भ्रष्टाचार के आरोप में अमेरिकी क्रिकेटर पर आठ साल का प्रतिबंध

अमेरिका के क्रिकेटर बोदुगुम अखिलेश रेड्डी को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की भ्रष्टाचार रोधी कोड की तीन धाराओं का उल्लंघन करने का दोषी पाए जाने के बाद सभी प्रकार के क्रिकेट से आठ साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है। 26 वर्षीय रेड्डी पर यह प्रतिबंध संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में आयोजित 2025 अबूधाबी टी10 टूर्नामेंट से जुड़ी भ्रष्ट गतिविधियों के कारण लगाया गया है। इस लीग के लिए अमीरात क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) द्वारा आईसीसी को डेजिग्नेटेड एंटी-कॉरप्शन ऑफिशियल (DACO) नियुक्त किया गया था।
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Dainik Jagran
Aug 3, 2026, 10:45 AM
ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम भारत का दौरा करेगी, जिसमें भारतीय मूल के स्टार नील पटेल होंगे

ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम भारत का दौरा करेगी, जिसमें भारतीय मूल के स्टार नील पटेल होंगे

ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 टीम सितंबर में भारत दौरे पर आएगी। इस दौरे के लिए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने स्क्वाड का एलान कर दिया है। ऑस्ट्रेलियाई टीम में भारतीय मूल के नील पटेल को जगह मिली है। नील ने बहुत ही कम समय में ऑस्ट्रेलिया में जूनियर क्रिकेट में अपनी पहचान बनाई है। उन्हें इसका इनाम अब मिला है और भारत के खिलाफ खेलते हुए दिखाई दे सकते हैं। भारत के दौरे पर ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 टीम 3 वनडे मैच खेलेगी। इसके अलावा दो चार दिवसीय मैच भी खेले जाएंगे। नील सलामी बल्लेबाज हैं और वो भारत के खिलाफ मुकाबलों में पारी की शुरुआत करते हुए दिखाई दे सकते हैं। उन्होंने मात्र 16 साल की उम्र में एक कैलेंडर वर्ष में 1000 रन बना डाले थे, जो कि रिकॉर्ड है। ऑस्ट्रेलिया के लिए वे बल्लेबाजी के लिहाज से उभरते हुए बेहद प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं। नील पटेल एक सलामी बल्लेबाजी हैं, जो ऑफ स्पिन गेंदबाजी भी करते हैं। उनकी बल्लेबाजी में निरंतरता देखने को मिली है और लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है। यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू साउथ वेल्स क्रिकेट क्लब की तरफ से खेलते हुए उन्होंने तहलका मचा दिया था। उन्होंने एक ही कैलेंडर ईयर में 1000 रन बना लिए थे। इसके बाद उनकी खूब चर्चा होने लगी। वे सिडनी प्रीमियर क्रिकेट के फर्स्ट ग्रेड में एक हजार रन बनाने वाले पहले बल्लेबाज हैं। पटेल के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने सिडनी में अंडर-19 कैंप के लिए उन्हें बुलाया। वे जूनियर क्रिकेट में न्यू साउथ वेल्स के लिए लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्हें क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया भविष्य के तौर पर देख रहा है, जो लंबे समय तक कंगारू टीम के लिए ऊपरी क्रम में अपनी सेवाएं दे सकते हैं। अब उन्हें भारत दौरे के लिए टीम में चुना गया है। पटेल के पास मौका है कि वे अपनी प्रतिभा का जादू टीम इंडिया के खिलाफ भी दिखाएं। कैसी बार्टन, हेडन बारबुलोविक, इली ब्रेन, विल बायरोम, ब्लेक कैटल, जैक कोजस्नेक, स्पेंसर ग्रीन, कोनर ग्रीकोरी, चार्ली हेंडरसन, जेड हॉलिक, मैथ्यू लॉफ, नील पटेल, जैकब पिएट्ज, पैट्रिक सुलीवान, थेयो सिनगोस, थॉमस वासेओ। बेइज्जती के बाद शशांक सिंह ने छोड़ा छत्तीसगढ़ का साथ, अब इस टीम के लिए दिखाएंगे दम भारत दौरे पर आएगी Australia U19 टीम, भारतीय मूल के इस खिलाड़ी को मिली स्क्वॉड में जगह
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Aug 3, 2026, 10:41 AM
भारत के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजः सचिन तेंदुलकर

भारत के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजः सचिन तेंदुलकर

1/6Image Source : gettyटेस्ट का मौसम एक बार फिर से आने वाला है। भारत और श्रीलंका के बीच 15 अगस्त से दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जाएगी। इस बीच आपको पता होना चाहिए कि टेस्ट में भारत के लिए सबसे ज्यादा रन किसने बनाए हैं। हम आपको यहां टॉप 5 बल्लेबाजों के बारे में बताएंगे।2/6Image Source : gettyसचिन तेंदुलकर ने टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने 200 टेस्ट खेलकर 15921 रन बनाए हैं। सचिन ने साल 1989 में अपना डेब्यू किया और इसके बाद 2013 तक खेलते रहे। हालांकि उनके रिटायरमेंट के इतने साल बाद भी अभी तक उनसे आगे टेस्ट रनों में कोई नहीं निकल पाया है।3/6Image Source : gettyराहुल द्रविड़ इस मामले में दूसरे नंबर पर आते हैं। राहुल ने साल 1996 में अपना टेस्ट डेब्यू किया था। इसके बाद वे 2012 तक खेलते रहे। इस दौरान उन्होंने 163 टेस्ट खेलकर 13265 रन बनाने में कामयाबी ​हासिल की।4/6Image Source : gettyसुनील गावस्कर का नाम लिस्ट में तीसरे नंबर पर आता है। गावस्कर ने साल 1971 में अपना डेब्यू किया और 1987 में रिटायर हो गए। इस दौरान 125 टेस्ट खेलकर 10122 रन बनाए। टेस्ट में इन्हीं तीन भारतीय बल्लेबाजों ने दस हजार से अधिक रन बनाए हैं।5/6Image Source : gettyविराट कोहली भी दस हजार के करीब पहुंच रहे थे, लेकिन इस मुकाम को छूने से पहले ही वे रिटायर हो गए। कोहली ने साल 2011 में अपना टेस्ट डेब्यू किया और इसके बाद 2025 में रिटायर हो गए। इस दौरान उन्होंने 123 टेस्ट खेलकर 9230 रन बनाए हैं।6/6Image Source : afpवीवीएस लक्ष्मण का नाम इस लिस्ट में नंबर 5 पर आता है। उन्होंने साल 1996 में अपना डेब्यू किया और 2012 में रिटायर हो गए। इस दौरान उन्होंने 134 टेस्ट खेलकर 8781 रन बनाए हैं। वे भी दस हजार रन पूरे करने से पहले ही रिटायर हो गए।
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Amar Ujala
Aug 3, 2026, 10:37 AM
दिल्ली प्रीमियर लीग युवा क्रिकेटरों के चमकने के लिए स्वर्णिम मंच के रूप में उभरा

दिल्ली प्रीमियर लीग युवा क्रिकेटरों के चमकने के लिए स्वर्णिम मंच के रूप में उभरा

प्रियांश आर्य, तेजस्वी दहिया, दिग्वेश राठी, सार्थक रंजन, मयंक रावत और प्रिंस यादव जैसे खिलाड़ियों की सफलता इस बात का प्रमाण है कि डीपीएल युवा प्रतिभाओं के लिए सुनहरा मंच बन चुका है।विज्ञापनसबसे प्रेरणादायक कहानी प्रिंस यादव की रही, जिन्होंने डीपीएल में तेज गेंदबाजी से अपनी पहचान बनाई, फिर आईपीएल में जगह बनाई और शानदार प्रदर्शन के दम पर भारतीय वनडे टीम तक का सफर तय किया।विज्ञापनयही वजह है कि डीपीएल के तीसरे सीजन को लेकर क्रिकेट प्रेमियों के साथ-साथ चयनकर्ताओं और आईपीएल फ्रेंचाइजी की नजरें भी इस टूर्नामेंट पर टिकी हैं।
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Aaj Tak
Aug 3, 2026, 10:34 AM
रोमांचक डी. पी. एल. मैच में सेंट्रल दिल्ली किंग्स ने आउटर दिल्ली वॉरियर्स को हराया

रोमांचक डी. पी. एल. मैच में सेंट्रल दिल्ली किंग्स ने आउटर दिल्ली वॉरियर्स को हराया

दिल्ली प्रीमियर लीग (DPL 2026) में सेंट्रल दिल्ली किंग्स ने अपना दमदार प्रदर्शन जारी रखा है. रविवार को अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए एक बेहद रोमांचक मुकाबले में सेंट्रल दिल्ली किंग्स ने आउटर दिल्ली वॉरियर्स को 4 विकेट से मात दी. बारिश की वजह से यह मैच 10-10 ओवर का कर दिया गया था. ओवर कम होने के बाद मुकाबला और भी दिलचस्प हो गया. दोनों टीमों के बीच जीत के लिए आखिरी ओवर तक लड़ाई चली. मैच के दौरान दर्शकों को चौके और छक्कों की जबरदस्त बारिश देखने को मिली. टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी आउटर दिल्ली वॉरियर्स ने छोटे फॉर्मेट का पूरा फायदा उठाया. उन्होंने 10 ओवर में 5 विकेट खोकर 130 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया. 10 ओवर में इस टारगेट को काफी अच्छा माना जा रहा था. सेंट्रल दिल्ली किंग्स को इस मुकाबले को जीतने के लिए 131 रन बनाने थे. आउटर दिल्ली वॉरियर्स के लिए यजस शर्मा ने महज 16 गेंदों में आक्रामक 39 रन बनाए. वहीं मोहित पंवार ने 18 गेंदों में 37 रनों की शानदार पारी खेली. जबकि अक्षय सैनी ने 15 गेंदों में 31 रन जड़कर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया. A post shared by Delhi Premier League T20 (@delhipremierleaguet20) 10 ओवर में 131 रनों का लक्ष्य हासिल करना किसी भी टीम के लिए आसान नहीं होता. सेंट्रल दिल्ली किंग्स के कप्तान यश ढुल के इरादे साफ थे. ढुल ने आते ही आक्रामक रुख अपनाया और सिर्फ 16 गेंदों में 35 रन बना डाले, जिसमें 2 चौके और 3 गगनचुंबी छक्के शामिल थे. इसके बाद जोंटी सिद्धू ने भी 12 गेंदों में 25 रनों की उपयोगी पारी खेलकर जरूरी रन रेट को काबू में रखा. बीच के ओवरों में सेंट्रल दिल्ली ने कुछ विकेट जल्दी गंवा दिए और मैच फंसता हुआ नजर आया. ऐसे में युवा बल्लेबाज वंश बेदी क्रीज पर डटे रहे. बेदी ने दबाव में अपना आपा नहीं खोया और सिर्फ 16 गेंदों में नाबाद 47 रन ठोक डाले. करीब 294 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 3 चौके और 5 छक्के जड़े. उनकी इस मैच विनिंग पारी के दम पर किंग्स ने एक गेंद शेष रहते हुए 9.5 ओवर में 133/6 का स्कोर बनाकर जीत दर्ज कर ली. A post shared by Central Delhi Kings (@centraldelhikings.dpl) वंश बेदी ने लगातार चौके-छक्कों की बारिश कर टीम को यह जीत दिलाई. 9वें ओवर में आखिरी चार गेंदों पर एक चौका और लगातार तीन छक्के जड़ दिए. इसके बाद आखिरी ओवर में लगातार दो चौके और एक छक्का जड़कर टीम को यादगार जीत दिला दी. इस जीत के बाद वंश बेदी का एक वीडियो सामने आया जिसमें वो कहते हुए नजर आए कि फ्लावर नहीं, फायर हूं मैं....फैन्स लगातार इस पर अपना रिएक्शन दे रहे हैं.
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Aug 3, 2026, 10:32 AM
मैच फिक्सिंग के आरोप में अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी पर 8 साल का प्रतिबंध

मैच फिक्सिंग के आरोप में अमेरिकी क्रिकेटर अखिलेश रेड्डी पर 8 साल का प्रतिबंध

क्रिकेट जगत से हैरान कर देने वाली खबर सामने आई. अमेरिका के खिलाड़ी अखिलेश रेड्डी (Akhilesh Reddy) को फिक्सिंग में दोषी पाए जाने के बाद अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट काउंसिल ने 8 सालों के लिए बैन कर दिया. आईसीसी की भ्रष्टाचार-रोधी ट्रिब्यूनल (ICC Anti-Corruption Tribunal) ने उन्हें ICC एंटी-करप्शन कोड के तीन नियमों का उल्लंघन करने का दोषी पाया है. बता दें कि ये आरोप संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में होने वाले 2025 अबू धाबी T10 से जुड़े हैं, जिसके लिए एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने ICC को 'डेजिग्नेटेड एंटी-करप्शन ऑफिशियल' (DACO) नियुक्त किया था. आईसीसी की रिलीज में बताया गया कि यह बैन 21 नवंबर 2025 से ही लागू माना जाएगा, जब रेड्डी को अस्थायी रूप से निलंबित किया गया था. अब 8 सालों तक अखिलेश सभी तरह की क्रिकेट गतिविधियों से बैन रहेंगे. USA player faces ban for breaching ICC Anti-Corruption Code. https://t.co/47eSuN64mN आर्टिकल 2.1.1 - 2025 अबू धाबी T10 में मैचों के नतीजे, प्रोग्रेस, कंडक्ट या किसी अन्य पहलू को फिक्स करने, उसमें हेर-फेर करने या गलत तरीके से प्रभावित करने की कोशिश करना, या किसी भी तरह से फिक्स करने, हेर-फेर करने या गलत तरीके से प्रभावित करने के लिए किसी समझौते या कोशिश में शामिल होना. आर्टिकल 2.1.4 - 2025 अबू धाबी T10 में एक या उससे ज्यादा मैचों में कोड के आर्टिकल 2.1.1 का उल्लंघन करने के लिए किसी दूसरे प्रतिभागी से अनुरोध करना, उसे उकसाना, फुसलाना, निर्देश देना, मनाना, बढ़ावा देना या जानबूझकर मदद करना (या ऐसा करने की कोशिश करना). आर्टिकल 2.4.7 - मोबाइल डिवाइस से डेटा और मैसेज डिलीट करके DACO की जांच में बाधा डालना, जो DACO की जांच के लिए जरूरी हो सकते थे. नजर डालें अखिलेश के करियर पर, तो अब तक उन्होंने 4 टी20 मुकाबले खेल लिए हैं. इस दौरान उन्होंने गेंदबाजी करते हुए 1 विकेट लिया. उन्होंने किसी भी मैच की पारी में बैटिंग नहीं की. बता दें कि 2025 अबू धाबी टी10 लीग में वह एस्पिन स्टैलियन्स टीम के लिए खेलते हुए नजर आए थे.
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Aug 3, 2026, 10:24 AM
भारतीय क्रिकेट टीम श्रीलंका दौरे की तैयारी कर रही है; साई सुदर्शन और देवदत्त पडिक्कल प्लेइंग इलेवन स्थान के लिए प्रतिस्पर्धा करते हैं

भारतीय क्रिकेट टीम श्रीलंका दौरे की तैयारी कर रही है; साई सुदर्शन और देवदत्त पडिक्कल प्लेइंग इलेवन स्थान के लिए प्रतिस्पर्धा करते हैं

भारतीय क्रिकेट टीम का श्रीलंका दौरा जल्द ही शुरू होने वाला है। वैसे तो टीम इंडिया शुभमन गिल की कप्तानी में श्रीलंका पहुंच चुकी है और तैयारी शुरू है। इस बीच दो ​खिलाड़ियों पर आगामी सीरीज में नजर रहेगी। वे हैं साई सुदर्शन और देवदत्त पडिक्कल। वैसे तो दोनों को टीम में जगह दी गई है, लेकिन माना जा रहा है कि प्लेइंग इलेवन में किसी एक को ही मौका दिया जाएगा। ऐसे में आपको पता होना चाहिए कि अब तक इन दोनों का प्रदर्शन टेस्ट क्रिकेट में कैसा रहा है। बात पहले साई सुदर्शन की करते हैं, क्योंकि इन्हें ज्यादा खेलने का मौका मिला है। साई ने अब तक भारत के लिए कुल मिलाकर 7 टेस्ट खेले हैं और इस दौरान 12 पारियों में 383 रन बनाए हैं। उनके नाम तीन अर्धशतक हैं, लेकिन वे सेंचुरी तक नहीं पहुंच पाए हैं। उनका औसत 31.91 का है और वे 43.32 के स्ट्राइक रेट से रन बनाते रहे हैं। अब अगर देवदत्त पडिक्कल की बात करें तो उन्होंने अब तक भारतीय टीम के लिए दो ही टेस्ट खेले हैं। इस दौरान तीन पारियों में उन्होंने केवल 90 रन बनाए हैं। उनके नाम एक अर्धशतक हैं। देवदत्त का औसत 30 का है और वे 45.68 के औसत से रन बना रहे हैं। हालांकि उन्हें उतने मौके नहीं मिले, जितने मिलने चाहिए थे। अब जबकि टीम इंडिया श्रीलंका दौरे पर है तो दोनों प्लेयर्स स्क्वाड में हैं, लेकिन टीम कॉबिनेशन के हिसाब से एक ही खिलाड़ी प्लेइंग इलेवन में खेल पाएगा। देखना होगा कि कप्तान शुभमन गिल किसे मौका देते हैं। भारत बनाम श्रीलंका टेस्ट सीरीज का आगाज तो 15 अगस्त से होगा, लेकिन इससे पहले एक प्रैक्टिस मैच खेला जाएगा। जो सात अगस्त से शुरू होकर 9 तारीख तक चलेगा । मैच तीन ही दिन का होगा। हालांकि पहले ये चार दिन का था, लेकिन अब इसमें बदलाव कर तीन दिन का कर दिया गया है। उम्मीद है कि इसी तीन दिन के मैच से अंदाजा मिल जाएगा कि पहले टेस्ट में टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन कैसी होगी। यह भी पढ़ें पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत राशिद खान ने 20 बॉल पर चटकाए 5 विकेट, एडन मारक्रम के धमाकेदार अर्धशतक पर फिरा पानी Latest Cricket News
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Aug 3, 2026, 10:16 AM
आकिब नबी श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में शामिल, जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे

आकिब नबी श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में शामिल, जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे

भारत और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज की शुरुआत 15 जुलाई से होने वाली है। इस सीरीज के लिए BCCI की सेलेक्शन कमिटी ने टीम का ऐलान कर दिया था। भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को श्रीलंका सीरीज के लिए टीम में जगह मिली थी, लेकिन उनका चयन फिटनेस के अधीन हुआ था। हालांकि बुमराह इस सीरीज के लिए पूरी तरह फिट नहीं हो पाए हैं और वह सीरीज से बाहर हो गए हैं। उनकी जगह अब आकिब नबी को अब मौका मिला है । नबी का प्रदर्शन घरेलू क्रिकेट में शानदार रहा है। इसी वजह से उन्हें अब इस सीरीज में मौका मिला है। आकिब नबी जम्मू-कश्मीर के पहले ऐसे खिलाड़ी बन गए हैं, जिन्हें भारतीय टेस्ट क्रिकेट टीम में चुना गया है। 29 साल के आकिब ने 2025-26 के रणजी ट्रॉफी टूर्नामेंट के केवल 10 मैचों में 60 विकेट लिए, जिसमें उन्होंने सात बार एक ही पारी में पांच विकेट लेने का कारनामा किया। अगर पिछले दो रणजी सीजन की बात करें, तो आकिब ने अपनी बेहतरीन गेंदबाजी के दम पर कुल 104 विकेट चटकाए हासिल किए हैं, जिसमें 2024-25 सीजन के 44 विकेट और 2025-26 सीजन के 60 विकेट शामिल हैं। इस शानदार प्रदर्शन की वजह से अब आकिब नबी की गिनती देश के सबसे बेहतरीन तेज गेंदबाजों में होने लगी है। आकिब नबी ने हाल ही में श्रीलंका ए के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 6 विकेट चटकाए थे, जिसमें एक ही पारी में 4 विकेट हॉल लेना शामिल था। फर्स्ट क्लास क्रिकेट में आकिब नबी ने कुल 43 मैच खेले हैं और इस दौरान उन्होंने 71 पारियों में 18.63 की बेहतरीन औसत और 2.90 की शानदार इकॉनमी रेट के साथ 162 विकेट हासिल किए हैं। फर्स्ट क्लास क्रिकेट में उन्होंने 16 बार पांच विकेट हॉल और 4 बार 10 विकेट हॉल लेने का कीर्तिमान अपने नाम किया है। श्रीलंका टेस्ट सीरीज से पहले टीम इंडिया खिलाड़ियों के चोटिल होने से परेशान है। हर्षित राणा, वॉशिंगटन सुंदर, नीतीश रेड्डी जैसे खिलाड़ी भी चोटिल होने की वजह से इस सीरीज का हिस्सा नहीं बन पाए हैं। इस वक्त सभी की नजरें साई सुदर्शन पर है। श्रीलंका सीरीज के लिए उनका चयन भी फिटनेस की शर्त पर हुआ था, वह इस सीरीज के लिए टाइम पर फिट हो पाते हैं या नहीं ये देखने वाली बात होगी। श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, BCCI ने किया जसप्रीत बुमराह के रिप्लेसमेंट का ऐलान पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत Latest Cricket News
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Amar Ujala
Aug 3, 2026, 09:57 AM
राष्ट्रमंडल खेलों में भारत ने 39 पदक जीते

राष्ट्रमंडल खेलों में भारत ने 39 पदक जीते

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। देश की झोली में कुल 39 मेडल आए। हालांकि, इस बार के कॉमनवेल्थ गेम्स में कुश्ती और निशानेबाजी को शामिल नहीं किया गया, जिसमें आमतौर पर भारत के सबसे ज्यादा मेडल आते हैं। दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इन खेलों के ना होने को लेकर नाराजगी जाहिर की थी और इसका पुरजोर विरोध करने की सलाह दी थी।
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ABP News
Aug 3, 2026, 09:53 AM
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रित बुमरा, आकिब नबी को मिली जगह

श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रित बुमरा, आकिब नबी को मिली जगह

भारत के स्टार तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) 15 अगस्त से श्रीलंका दौरे पर खेली जाने वाली 2 मैचों की टेस्ट सीरीज से बाहर हो चुके हैं. भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने सोमवार (03 अगस्त) को उनके रिप्लेसमेंट का एलान किया. जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी ने स्क्वॉड में उनकी जगह ली. यहां तक तो सब ठीक है, लेकिन एक सवाल यह है कि बुमराह को वापसी के लिए कितना वक्त लगेगा? बुमराह का चोटिल होना टीम इंडिया के लिए हमेशा से बड़ी मुश्किल रहा है. उनके न होने से टीम काफी अस्थिर हो जाती है. तो आइए जानते हैं कि बुमराह को वापसी करने में कितना वक्त लगेगा. उससे पहले आपको बता दें कि बुमराह को इंग्लैंड के खिलाफ कार्डिफ में खेले गए दूसरे वनडे के दौरान बाएं घुटने की इंजरी हुई थी. वह इंजरी से पूरी तरह से रिकवर नहीं हो सके हैं. ईएसपीएनक्रिकइंफो की रिपोर्ट के मुताबिक बुमराह पिछले हफ्ते फिटनेस टेस्ट के लिए बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पहुंचे. यहां मेडिकल टीम ने माना कि अगर बुमराह तुरंत गेंदबाजी शुरू करते हैं, तो वह ज्यादा लंबे वक्त तक बाहर होने के रिस्क पर आ जाएंगे. इससे दिक्कत और बढ़ सकती है. बुमराह की वापसी की कोई तारीख या दिन तय नहीं हो पाया, लेकिन एक बात जरूर समझ आती है कि वह कुछ वक्त के लिए बाहर हो सकते हैं. भारतीय बोर्ड बुमराह को लेकर किसी भी तरह की जल्दबाजी नहीं करना चाहेगा. इससे पहले आईपीएल में हिस्सा लेने के लिए भी बुमराह सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पहुंचे थे, जहां उन्हें सीजन में मुंबई इंडियंस के सीजन ओपनर से ठीक पहले ही फिटनेस क्लीयरेंस मिली थी. इस तरह उनका बार-बार चोटिल टीम इंडिया के लिए बिल्कुल भी अच्छे संकेत नहीं हैं. शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उप-कप्तान), यशस्वी जयसवाल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), साई सुदर्शन* (खेलना फिटनेस पर निर्भर), ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रवींद्र जड़ेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन, आकिब नबी.
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Aaj Tak
Aug 3, 2026, 09:49 AM
आई. सी. सी. ने भ्रष्टाचार निरोधक संहिता के उल्लंघन के लिए भारतीय-अमेरिकी क्रिकेटर पर आठ साल का प्रतिबंध लगाया

आई. सी. सी. ने भ्रष्टाचार निरोधक संहिता के उल्लंघन के लिए भारतीय-अमेरिकी क्रिकेटर पर आठ साल का प्रतिबंध लगाया

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने भारतीय मूल के अमेरिकी क्रिकेटर बोडुगुम अखिलेश रेड्डी के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है. क्रिकेट की सर्वोच्च संस्था ने अखिलेश पर आठ साल का प्रतिबंध लगा दिया है. आईसीसी की एंटी-करप्शन ट्रिब्यूनल ने रेड्डी को भ्रष्टाचार निरोधक संहिता (Anti-Corruption Code) के तीन गंभीर उल्लंघनों का दोषी करार दिया. यह पूरा मामला 2025 अबू धाबी टी10 लीग से जुड़ा है. इस टूर्नामेंट के लिए एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने आईसीसी को भ्रष्टाचार रोधी गतिविधियों की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी थी. आईसीसी के मुताबिक बोडुगुम अखिलेश रेड्डी ने टूर्नामेंट के दौरान मैच के नतीजे और खेल की दिशा को गलत तरीके से प्रभावित करने की कोशिश की. USA player faces ban for breaching ICC Anti-Corruption Code. https://t.co/47eSuN64mN इतना ही नहीं, उन्होंने एक अन्य खिलाड़ी को भी मैच फिक्सिंग में शामिल होने के लिए उकसाया और इस साजिश में मदद करने का प्रयास किया. जांच के दौरान उन्होंने अपने मोबाइल फोन से महत्वपूर्ण डेटा और चैट डिलीट कर दिए, ताकि जांच एजेंसी को सबूत न मिल सकें. ट्रिब्यूनल ने इसे भी गंभीर अपराध माना. आईसीसी ने स्पष्ट किया कि रेड्डी पर लगाया गया आठ साल का प्रतिबंध 21 नवंबर 2025 से प्रभावी माना जाएगा. इसी दिन उन्हें अस्थायी रूप से निलंबित किया गया था. यानी अब वह लंबे समय तक किसी भी स्तर की मान्यता प्राप्त क्रिकेट में हिस्सा नहीं ले पाएंगे. 26 वर्षीय बोडुगुम अखिलेश रेड्डी अमेरिका की राष्ट्रीय टीम का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं. उन्होंने अमेरिका के लिए चार टी20 इंटरनेशनल मुकाबले खेले और एक विकेट भी हासिल किया. रेड्डी ने नॉर्थ अमेरिका टी20 कप में केमैन आइलैंड्स के खिलाफ इंटरनेशनल क्रिकेट में पदार्पण किया था. हालांकि उनका अंतरराष्ट्रीय करियर ज्यादा लंबा नहीं चला और अब भ्रष्टाचार के मामले में दोषी पाए जाने के बाद उनका क्रिकेट भविष्य लगभग खत्म होता नजर आ रहा है. बोडुगुम अखिलेश रेड्डी का क्रिकेट सफर भारत से भी जुड़ा रहा है. अमेरिका में जन्मे और हैदराबाद में पले-बढ़े रेड्डी ने अपने प्रदर्शन के दम पर विजय हजारे ट्रॉफी के लिए हैदराबाद टीम में जगह बनाई थी, हालांकि उन्हें चांस नहीं मिला. वह आईपीएल (इंडियन प्रीमियर लीग) की टीम सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के नेट गेंदबाज भी रहे. रेड्डी ने एक इंटरव्यू में बताया था कि एसआरएच के नेट्स में उन्होंने शिखर धवन और मनीष पांडे को अपनी गेंदों पर बोल्ड भी किया था. बेहतर क्रिकेट अवसरों की तलाश में वह बाद में अपने जन्मस्थान अमेरिका लौट गए और वहीं की राष्ट्रीय टीम तक पहुंचे. हालांकि अब उनका क्रिकेट करियर गंभीर संकट में पड़ गया है. अबू धाबी टी10 लीग में मैच फिक्सिंग की कोशिश, दूसरे खिलाड़ी को फिक्सिंग के लिए उकसाने और जांच के दौरान सबूत मिटाने का दोषी पाए जाने के बाद आईसीसी ने उन पर प्रतिबंध लगा दिया.
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Dainik Jagran
Aug 3, 2026, 09:38 AM
ऑस्ट्रेलियाई अंडर-19 टीम भारतीय मूल के खिलाड़ी नील पटेल के साथ भारत का दौरा करेगी

ऑस्ट्रेलियाई अंडर-19 टीम भारतीय मूल के खिलाड़ी नील पटेल के साथ भारत का दौरा करेगी

अगले महीने ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम भारत दौरे पर आएगी और वनडे के अलावा टेस्ट सीरीज खेलेगी। इस दौरे के लिए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने टीम का एलान कर दिया है जिसमें भारतीय मूल के खिलाड़ी को भी जगह मिली है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने भारत दौरे के लिए 16 सदस्यी टीम का एलान किया है जिसमें नील पटेल शामिल हैं। दोनों टीमों के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज खेली जाएगी। इसके अलावा चार-चार दिन के दो टेस्ट मैच भी होंगे। ये सीरीज 13 सितंबर से शुरू होगी और राजकोट तथा अहमदाबाद इसकी मेजबानी करेंगे। पटेल ऑस्ट्रेलिया के घरेलू क्रिकेट में न्यू साउथ वेल्स से खेलते हैं। जूनियर स्तर के क्रिकेट में वह लगातार आगे बढ़ रहे हैं और अपनी बल्लेबाजी का जलवा दिखा रहे हैं। वह ओपनिंग बल्लेबाज हैं। उन्होंने सिडनी प्रीमियर क्रिकेट फर्स्ट ग्रेड में एक कैलेंडर ईयर में 1000 रन बनाए और ऐसा करने वाले वहे सबसे युवा खिलाड़ी हैं। उनकी पहचान लंबी पारियां खेलने के लिए हैं। शानदार बल्लेबाजी के अलावा नील ऑफ स्पिन भी करते हैं। नील के लगातार आगे बढ़ने का राज ये है कि वह अपने पास जर्नल रखते हैं और अपने जीवन की घटनाओं को लिखते रहते हैं। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि ये सब रास्ते में बने रहने के लिए है। मैं जो भी करता हूं उसके लिए मैं अपने आप को जिम्मेदार मानता हूं। मैं अपने परफॉर्मेंस को लेकर नोट लिखता हूं कि मैंने क्या अच्छा किया और मैं किस चीज में सुधार कर सकता हूं। मैं हमेशा सीखता रहता हूं।" इस साल की शुरुआत में जिम्बाब्वे में खेले गए अंडर-19 वर्ल्ड कप कप में हिस्सा लेने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम के सिर्फ दो ही सदस्य इस टीम का हिस्सा हैं और वो हैं विल बायरोम और कैसी बार्टन। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व विकेटकीपर टिम नील्सन को कोच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। कैसी बार्टन, हेडन बारबुलोविक, इली ब्रेन, विल बायरोम, ब्लेक कैटल, जैक कोजस्नेक, स्पेंसर ग्रीन, कोनर ग्रीकोरी, चार्ली हेंडरसन, जेड हॉलिक, मैथ्यू लॉफ, नील पटेल, जैकब पिएट्ज, पैट्रिक सुलीवान, थेयो सिनगोस, थॉमस वासेओ। IND vs SL: चोटिल जसप्रीत बुमराह श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर, आकिब नबी को मिली जगह IND vs SL: जसप्रीत बुमराह बाहर तो कौन लेगा उनकी जगह? इस खिलाड़ी का नाम है सबसे आगे
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Amar Ujala
Aug 3, 2026, 09:31 AM
खेल आयोजनों में कमी के कारण राष्ट्रमंडल खेलों में हरियाणा के पदक तालिका में कमी आई

खेल आयोजनों में कमी के कारण राष्ट्रमंडल खेलों में हरियाणा के पदक तालिका में कमी आई

इस बार राष्ट्रमंडल खेलों में हरियाणा के पदकों की संख्या घटी है। 2022 में बर्मिंघम में हुए राष्ट्रमंडल खेलों में भारत ने 22 स्वर्ण, 16 रजत और 23 कांस्य सहित कुल 61 पदक जीतकर पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया था। इनमें हरियाणा के खिलाड़ियों ने 20 पदक जीतकर अहम योगदान दिया था। हरियाणा के खाते में 9 स्वर्ण, 5 रजत और 6 कांस्य पदक आए थे।विज्ञापन2026 में हरियाणा के पदक कम होने का मुख्य कारण खिलाड़ियों का प्रदर्शन नहीं बल्कि खेलों की संख्या में कमी होना है। बर्मिंघम की तुलना में ग्लासगो में आयोजित राष्ट्रमंडल खेल में मेजबान स्कॉटलैंड के पास बजट की कमी के कारण खेलों की संख्या 19 से घटाकर केवल 10 कर दी गई। इस वजह से कुश्ती, बैडमिंटन, हॉकी और क्रिकेट समेत कुल 9 प्रमुख खेलों को इस बार बाहर कर दिया गया। इससे देश और हरियाणा के खिलाड़ियों को सबसे बड़ा झटका लगा है।विज्ञापनइस बार हरियाणा का दबदबा मुक्केबाजी में रहा है। भिवानी के सचिन सिवाच, साक्षी चौधरी ढांडा, प्रीति पंवार, प्रिया घणघस, जैस्मीन लांबोरिया और हिसार के अंकुश पंघाल ने स्वर्ण पदक जीते। हिसार के नरेंद्र बेरवाल ने रजत पदक हासिल किया। इसके अलावा झज्जर की शर्मीला ने महिला शॉटपुट (एफ-57) में स्वर्ण हासिल किया। भाला फेंक में पानीपत के नीरज चोपड़ा ने रजत और भिवानी के यशवीर ने कांस्य पदक जीता है। भिवानी की सीमा ने डिस्कस थ्रो में कांस्य पदक जीत कर इस प्रतियोगिता में देश का खाता पहली बार खोला।2022 में हरियाणा के लिए सबसे बड़ा आधार कुश्ती रही थी। झज्जर के बजरंग पूनिया व दीपक पूनिया, रोहतक की साक्षी मलिक, सोनीपत के रवि कुमार दहिया व नवीन कुमार और चरखी दादरी की विनेश फोगाट ने स्वर्ण पदक जीते थे। सोनीपत के सुधीर ने पैरा पावरलिफ्टिंग, भिवानी नीतू घनघस और रोहतक के अमित पंघाल ने मुक्केबाजी में स्वर्ण पदक जीते थे। रजत पदक जींद की अंशु मलिक, झज्जर के सागर अहलावत, कुरुक्षेत्र के सुरेंद्र, सोनीपत के अभिषेक और रोहतक की शेफाली वर्मा ने जीता था।कांस्य पदक संदीप कुमार, दीपक नेहरा, मोहित ग्रेवाल, जैस्मीन लांबोरिया, पूजा गहलोत, पूजा सिहाग और महिला हॉकी टीम की सविता पूनिया, शर्मिला, ज्योति, नेहा, निशा, मोनिका, नवनीत और उदिता को मिले थे।
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Aaj Tak
Aug 3, 2026, 09:28 AM
शशांक सिंह 2026-27 सत्र में पुडुचेरी के लिए खेलने के लिए छत्तीसगढ़ से रवाना हुए

शशांक सिंह 2026-27 सत्र में पुडुचेरी के लिए खेलने के लिए छत्तीसगढ़ से रवाना हुए

पंजाब किंग्स (PBKS) के स्टार ऑलराउंडर शशांक सिंह ने घरेलू क्रिकेट में बड़ा फैसला लेते हुए छत्तीसगढ़ छोड़कर 2026-27 सीजन से पुडुचेरी के लिए खेलने का ऐलान कर दिया है. शशांक ने बताया कि उन्होंने छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ (CSCS) से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) ले लिया है. शशांक ने टाइम्स ऑफ इंडिया से कहा, 'हां, मैं छत्तीसगढ़ छोड़ रहा हूं. मैंने छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ (CSCS) से एनओसी ले ली है और 2026-27 सीजन से पुडुचेरी के लिए खेलूंगा. पिछले सीजन में मुझे कंधे और उंगली में गंभीर चोट लगी थी, लेकिन उस मुश्किल दौर में छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ ने मेरा बिल्कुल साथ नहीं दिया.' उन्होंने आगे कहा, 'सीजन खत्म होने के बाद मेरा नाम छत्तीसगढ़ क्रिकेट प्रीमियर लीग 2026 के खिलाड़ियों की सूची में नहीं रखा गया. इतना ही नहीं, बेंगलुरु में आयोजित प्री-सीजन कैंप के लिए गई छत्तीसगढ़ टीम में भी मेरा नाम नहीं था. मैंने पूछा कि मुझे क्यों नहीं चुना गया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला.' शशांक ने आरोप लगाया, 'मुझसे कहा गया कि मैं सिर्फ आईपीएल खेलना चाहता हूं और छत्तीसगढ़ के लिए घरेलू क्रिकेट नहीं खेलना चाहता. जबकि सच यह है कि पिछले साल ही बीसीसीआई ने मुझे 2023-24 घरेलू लिमिटेड ओवर्स सीजन के सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडर के रूप में लाला अमरनाथ अवॉर्ड से सम्मानित किया था.' 34 साल के शशांक अब पुडुचेरी के लिए व्हाइट-बॉल क्रिकेट पर फोकस करना चाहते हैं. रिपोर्ट के अनुसार, वह इस सीजन रेड-बॉल क्रिकेट से ब्रेक लेकर अपनी गेंदबाजी को और बेहतर बनाने पर काम करेंगे, ताकि टी20 क्रिकेट में एक पूर्ण ऑलराउंडर के रूप में योगदान दे सकें. भारत के सबसे लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाले घरेलू व्हाइट-बॉल खिलाड़ियों में शामिल शशांक सिंह का 2024-25 सीजन भी शानदार रहा. उन्होंने विजय हजारे ट्रॉफी 2024-25 में सिर्फ 7 मैचों में 450 रन बनाए और 11 विकेट भी झटके. वहीं सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2024-25 के 7 मुकाबलों में उन्होंने 188 रन बनाए.
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Aug 3, 2026, 09:24 AM
आईसीसी विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप रन बनाने वालों की सूची में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया का दबदबा

आईसीसी विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप रन बनाने वालों की सूची में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया का दबदबा

ICC वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का पहला संस्करण 2019 से 2021 तक खेला गया था। तब से लेकर अब तक 3 संस्करण खेले जा चुके हैं और अभी चौथा संस्करण जारी है। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के इतिहास में एक से बढ़कर एक बल्लेबाज हुए हैं। इनमें कुछ बल्लेबाज तो ऐसे हैं, जिन्होंने WTC में रनों का अंबार लगाया है। WTC में सबसे ज्यादा रन जड़ने वाले खिलाड़ियों की बात की जाए, तो इस लिस्ट में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाजों का बोलबाला है। इंग्लैंड के धाकड़ बल्लेबाज और टेस्ट कप्तान जो रूट इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं, जिन्होंने WTC में 6 हजार से ज्यादा रन जड़ने का कारनामा किया है। दिलचस्प बात ये है कि रूट के अलावा अन्य कोई बल्लेबाज 5000 रन का आंकड़ा भी अब तक पार नहीं कर पाया है। आपको जानकर हैरानी होगी कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के इतिहास में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले टॉप-10 बल्लेबाजों में एक भी भारतीय शामिल नहीं हैं। इस लिस्ट में जगह बनाने के सबसे करीब भारतीय कप्तान शुभमन गिल हैं। दरअसल, शुभमन गिल वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के इतिहास में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज हैं। हालांकि, गिल के नाम WTC के 40 टेस्ट मैचों की 73 पारियों में 2843 रन दर्ज हैं। उनका औसत 43.07 का है। ऐसे में गिल अगर श्रीलंका दौरे पर 2 टेस्ट मैचों की सीरीज में 157 रन बनाने में कामयाब रहते हैं, तो वह WTC के इतिहास में 3000 रनों का आंकड़ा छूने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बन जाएंगे। यही नहीं, वह कई बल्लेबाजों को पछाड़ते हुए WTC में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले टॉप-10 बल्लेबाजों के क्लब में भी शुमार हो जाएंगे। फिलहाल वह इस लिस्ट में 13वे पायदान पर हैं। शुभमन गिल श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 157 रन जड़ने के साथ WTC ही नहीं बल्कि टेस्ट क्रिकेट में भी अपने 3000 रन पूरे कर लेंगे। गिल टेस्ट में 3000 रन पूरे करने वाले 28वें भारतीय बल्लेबाज बनेंगे। गिल पहली बार श्रीलंका में टेस्ट सीरीज खेलने उतरेंगे। ऐसे में उनके कंधों पर रन बनाने के साथ-साथ टीम इंडिया को लीड करने की मुश्किल चुनौती होगी। पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, BCCI ने किया जसप्रीत बुमराह के रिप्लेसमेंट का ऐलान Latest Cricket News
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Aaj Tak
Aug 3, 2026, 09:09 AM
भारत के सबसे कम उम्र के ओलंपिक पदक विजेता ने युवाओं से समझदारी से शब्द चुनने का आग्रह किया

भारत के सबसे कम उम्र के ओलंपिक पदक विजेता ने युवाओं से समझदारी से शब्द चुनने का आग्रह किया

भारत की सबसे युवा ओलंपिक पदक विजेता निशानेबाज मनु भाकर ने युवाओं के बीच बढ़ती अभद्र भाषा के इस्तेमाल पर चिंता जताते हुए कहा है कि "गाली देना कूल नहीं है." Gen-Z की अभद्र भाषाओं पर बहस के बीच उन्होंने लोगों से अपनी भाषा और शब्दों का चयन सोच-समझकर करने की अपील की. मनु भाकर की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है, जब हाल ही में दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कुछ प्रदर्शनकारियों द्वारा अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने वाले वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे. हालांकि, मनु भाकर ने किसी घटना या संगठन का नाम नहीं लिया, लेकिन उनकी टिप्पणी को इसी बहस से जोड़कर देखा जा रहा है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर मनु भाकर ने लिखा, "हम जिस भाषा का इस्तेमाल करते हैं, वही हमारी सोच और व्यक्तित्व को दर्शाती है. अपने शब्द सोच-समझकर चुनिए, क्योंकि समय के साथ आप वही बन जाते हैं जो सोचते हैं, बोलते हैं और करते हैं." The language we choose reflects our personality and the kind of person we are. Choose your words wisely, because over time, you become what you think, what you speak, and what you practice. Using bad language is not cool. Abusing is not cool. Let’s keep the definition of cool… pic.twitter.com/8LN53t4V0h मनु भाकर कहा कि आज के समय में गाली-गलौज को आत्मविश्वास या आधुनिकता की निशानी मान लिया गया है, जबकि ऐसा बिल्कुल नहीं है. उन्होंने लिखा, "गाली देना कूल नहीं है. अभद्र भाषा का इस्तेमाल कभी कूल नहीं हो सकता." मनु भाकर ने युवाओं के लिए 'कूल' होने की अपनी परिभाषा भी साझा की. उन्होंने कहा कि मेहनती होना, दूसरों और खुद का सम्मान करना, ईमानदारी से सफलता हासिल करना और अपने माता-पिता और देश का नाम रोशन करना ही असली 'कूलनेस' है. बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने यह मुद्दा इसलिए उठाया क्योंकि पिछले कुछ वर्षों में अभद्र भाषा सामान्य होती जा रही है. उनके मुताबिक, कई लोग बिना सोचे-समझे रोजमर्रा की बातचीत में अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल करने लगे हैं और इसे सामान्य या फैशन समझने लगे हैं. इस मुद्दे पर कई अन्य सार्वजनिक हस्तियों ने भी अपनी राय रखी है. अभिनेता अनुपम खेर ने कहा कि लोकतंत्र असहमति का अधिकार देता है, लेकिन किसी का अपमान करने का नहीं. वहीं अभिनेता आशुतोष राणा ने कहा कि इंसान की पहचान उसके शब्दों से होती है और भाषा ही सम्मान या अपमान तय करती है. इससे पहले भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत भी आंदोलन के दौरान इस्तेमाल की गई भाषा को लेकर तीखी टिप्पणी कर चुकी हैं.
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ABP News
Aug 3, 2026, 09:04 AM
बी. सी. सी. आई. ने शुभदीप घोष को टीम इंडिया का नया फील्डिंग कोच नियुक्त किया

बी. सी. सी. आई. ने शुभदीप घोष को टीम इंडिया का नया फील्डिंग कोच नियुक्त किया

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने शुभदीप घोष को टीम इंडिया का नया फील्डिंग कोच नियुक्त किया है. कुछ दिन पहले ही सहायक कोच रायन टेन डोइशे और फील्डिंग कोच टी दिलीप की टीम इंडिया से छुट्टी कर दी गई थी. शुभदीप कभी भारत की सीनियर टीम के लिए नहीं खेल पाए, लेकिन अब बतौर कोच अपना डेब्यू करने को तैयार हैं. 57 वर्षीय शुभदीप घोष भारतीय क्रिकेट का बहुत बड़ा नाम नहीं रहे हैं. डोमेस्टिक क्रिकेट में असम और रेलवे के लिए खेले हैं और धीरे-धीरे एक कोच के तौर पर नाम कमाया है. उन्होंने अपने फर्स्ट-क्लास करियर में 17 मैचों में 316 रन बनाए और लिस्ट-ए करियर में भी इतने ही मैच खेलकर 307 रन बनाए थे. क्रिकेट छोड़ने के बाद शुभदीप घोष उभरते हुए क्रिकेटरों के लिए कैम्प लगाया करते थे और उन्हें कोचिंग देते थे. पिछले डेढ़ दशक में उन्होंने एक बेहतरीन फील्डिंग कोच के रूप में पहचान बनाई है. उन्हें 'जॉय' के नाम से भी जाना जाता है. शुभदीप की खासियत यह है कि वे हर एक खिलाड़ी को अलग से परखते हैं. वह कैसे मूव करता है, उसकी ताकत क्या है और उसे कहां सुधार की जरूरत है. वो भारतीय क्रिकेट में निचले स्तर से होते हुए टॉप पर पहुंचे हैं. उन्होंने नेशनल क्रिकेट अकादमी, इंडिया ए, IPL में कोलकाता नाइट राइडर्स और दिल्ली कैपिटल्स में काम किया है. उन्होंने गौतम गंभीर के साथ पहले भी काम किया है. 2014 में जब गंभीर KKR के कप्तान थे, तब शुभदीप घोष टीम के सपोर्ट स्टाफ में शामिल थे. वो हाल ही में इंडिया ए के साथ श्रीलंका टूर पर भी गए थे. वहां उन्होंने तिलक वर्मा, वैभव सूर्यवंशी और ऋतुराज गायकवाड़ समेत अन्य भारतीय खिलाड़ियों के साथ काम किया. भारतीय क्रिकेटरों ने शुभदीप की तारीफ भी की, जो शायद उनके भारतीय टीम में बतौर फील्डिंग कोच आने का एक बड़ा कारण बना है.
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Dainik Bhaskar
Aug 3, 2026, 08:54 AM
श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टेस्ट टीम में आकिब नबी को शामिल किया गया है, जो जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे।

श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टेस्ट टीम में आकिब नबी को शामिल किया गया है, जो जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे।

श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टेस्ट टीम में बड़ा बदलाव हुआ है। तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की जगह आकिब नबी को टीम में शामिल किया गया है। नबी टीम इंडिया में चुने जाने वाले जम्मू-कश्मीर के सिर्फ तीसरे क्रिकेटर हैं। श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगी। जसप्रीत बुमराह रविवार को टीम इंडिया से बाहर हो गए थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वे घुटने की चोट से नहीं उबर पाए हैं। टीम मैनेजमेंट और BCCI ने उनके लंबे करियर को देखते हुए कोई जोखिम नहीं लेने का फैसला किया है। 23 साल के आकिब नबी ने रणजी ट्रॉफी 2025-26 में शानदार प्रदर्शन किया था। अब उन्हें भारतीय टेस्ट टीम में मौका मिला है। वे टेस्ट टीम में चुने जाने वाले जम्मू कश्मीर के पहले क्रिकेटर हैं। वैसे, यहां के परवेज रसूल और उमरान मलिक भी भारतीय टीम में चुने जा चुके हैं लेकिन उन्हें सिर्फ वनडे और टी20 टीम में मौका मिला है। 29 साल आकिब ने 2025-26 रणजी ट्राफी में मात्र 10 मैचों में 60 विकेट लिए, जिनमें सात बार पांच विकेट लेने का कारनामा शामिल है। पिछले दो रणजी सीजन में आकिब नबी ने कुल 104 विकेट लिए हैं। इनमें 2025-26 में 60 और पिछले सीजन में 44 विकेट शामिल हैं। इन आंकड़ों ने आकिब नबी का लाल गेंद क्रिकेट में देश के सबसे प्रभावशाली गेंदबाजों में शुमार कर दिया है। आकिब का नाकआउट मुकाबलों में प्रदर्शन विशेष रूप से शानदार रहा। आकिब ने क्वार्टरफाइनल में मध्य प्रदेश, सेमीफाइनल में बंगाल और फाइनल में कर्नाटक के विरुद्ध निर्णायक गेंदबाजी की। इन प्रदर्शनों ने न केवल जम्मू-कश्मीर को पहली बार रणजी ट्राफी का खिताब दिलाया बल्कि दबाव में उनके धैर्य को भी प्रदर्शित किया। BCCI ने टीम में बदलाव की पुष्टि की है। हालांकि, बोर्ड ने बुमराह को टीम से बाहर करने या आकिब नबी को शामिल करने का कारण नहीं बताया है। आकिब नबी हाल ही में इंडिया ए टीम के साथ श्रीलंका दौरे पर भी गए थे। वहां उन्होंने दो प्रथम श्रेणी मैचों में छह विकेट लिए थे। श्रीलंका दौरे पर भारतीय टेस्ट टीम की कमान शुभमन गिल संभालेंगे। केएल राहुल उपकप्तान होंगे। विकेटकीपर के रूप में ऋषभ पंत और ध्रुव जुरेल टीम का हिस्सा हैं। भारतीय टीम के लिए विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल में पहुंचने के लिहाज से यह सीरीज जीतनी जरूरी है। भारत को साउथ अफ्रीका के खिलाफ पिछली घरेलू टेस्ट सीरीज में 0-2 से हार मिली थी। ------------------------------------------------ भारत के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए हैं। सीरीज का पहला मैच 15 अगस्त से गॉल में खेला जाएगा। बुमराह बाएं घुटने की चोट से उबर रहे थे। बेंगलुरु में मौजूद BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में उनका रिहैबिलिटेशन चल रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक बोर्ड की मेडिकल टीम ने उन्हें अभी वापसी न करने की सलाह दी है। उन्हें पूरी तरह ठीक होने तक आराम करने को कहा गया है।
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ABP News
Aug 3, 2026, 08:42 AM
भुवनेश्वर कुमार ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वापसी करने के बजाय क्रिकेट करियर का आनंद लेने को प्राथमिकता दी

भुवनेश्वर कुमार ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वापसी करने के बजाय क्रिकेट करियर का आनंद लेने को प्राथमिकता दी

भारतीय टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने इंटरनेशनल क्रिकेट में वापसी को लेकर खुलकर अपनी बात रखी है. 36 वर्षीय भुवनेश्वर ने कहा कि अब उनका पूरा फोकस भारतीय टीम में वापसी करने पर नहीं है. वह सिर्फ इसलिए क्रिकेट खेल रहे हैं क्योंकि उन्हें इस खेल से प्यार है और अब वह मैदान के अंदर और बाहर बेहतर संतुलन के साथ अपने करियर का आनंद लेना चाहते हैं. भुवनेश्वर कुमार ने भारत के लिए 21 टेस्ट, 121 वनडे और 87 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं. उन्होंने आखिरी बार नवंबर 2022 में टीम इंडिया की ओर से मैच खेला था. इसके बाद वह घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में लगातार सक्रिय रहे. आईपीएल 2026 में वह रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की खिताबी टीम का हिस्सा भी रहे. RCB पॉडकास्ट में भुवनेश्वर कुमार ने कहा, 'मैं पहले ही भारत के लिए खेल चुका हूं. यह ऐसी चीज नहीं है जिसे मुझे अब हासिल करना है. अगर मुझे एक और मौका मिलता है, तो यह बहुत अच्छी बात होगी, लेकिन मैं यह अनुभव पहले ही ले चुका हूं. अब मैं जो कुछ भी कर रहा हूं, वह खेल के प्रति मेरे प्यार की वजह से है. मुझे पता है कि मुझे अनुशासित रहना होगा.' भुवनेश्वर ने बताया कि इंटरनेशनल क्रिकेट से दूर होने के बाद उनके परिवार ने इस बदलाव को सहजता से स्वीकार करने में उनकी काफी मदद की. उन्होंने कहा कि अब वह पहले से ज्यादा शांति के साथ क्रिकेट का आनंद ले पा रहे हैं. उन्होंने कहा, 'मैं आईपीएल और घरेलू क्रिकेट इसलिए खेल रहा हूं क्योंकि मुझे यह खेल पसंद है. जब आप युवा होते हैं और भारत के लिए खेलते हैं, तो आप कहते हैं कि आपको खेल से प्यार है. लेकिन सच कहूं तो, ‘जो आपके कंट्रोल में है उस पर ध्यान दें’, ‘ज़्यादा न सोचें’ या ‘खेल के जुनून के लिए खेलना’ जैसी बातों को मैं अब असल में महसूस कर सकता हूं.' CWG 2026 भव्य क्लोजिंग समारोह के साथ खत्म, भारत को मिली 2030 की मेजबानी भुवनेश्वर कुमार ने बताया कि वह खुद को मैच फिट रखने के लिए लगातार घरेलू क्रिकेट और यूपी टी20 लीग खेलते हैं. उन्होंने कहा, 'मैं घरेलू क्रिकेट खेलता हूं और यूपी टी20 लीग भी खेलता हूं. मैं यह पक्का करता हूं कि मैं टच में रहने के लिए काफी क्रिकेट खेलूं और साथ ही रिकवर होने और तरोताजा रहने के लिए पर्याप्त ब्रेक भी लूं.' श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में इन 3 भारतीयों पर रहेगी सबकी नजर संजना कुमारी ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत एबीपी नेटवर्क से की. उन्होंने हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई पूरी की है. खेल और चुनावी राजनीति से जुड़ी खबरों में उनकी विशेष रुचि है. वे समसामयिक मुद्दों पर तथ्यपरक और विश्वसनीय रिपोर्टिंग को प्राथमिकता देती हैं. डिजिटल पत्रकारिता के साथ-साथ कंटेंट क्रिएशन में भी उनकी गहरी दिलचस्पी है. ट्रैवलिंग और वीडियो ब्लॉगिंग उनका पसंदीदा शौक है. नई जगहों, लोगों और अनुभवों को जानना और उन्हें कहानियों के रूप में प्रस्तुत करना उन्हें पसंद है.
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Aug 3, 2026, 08:41 AM
ऑस्ट्रेलियाई अंडर-19 टीम जिसमें भारतीय मूल के खिलाड़ी नील पटेल हैं, बहु-प्रारूप दौरे में भारत का सामना करने के लिए तैयार

ऑस्ट्रेलियाई अंडर-19 टीम जिसमें भारतीय मूल के खिलाड़ी नील पटेल हैं, बहु-प्रारूप दौरे में भारत का सामना करने के लिए तैयार

भारतीय क्रिकेट के खिलाड़ियों के फैन्स दुनिया भर में मौजूद हैं. पिछले कुछ समय में भारतीय खिलाड़ियों ने पूरी दुनिया में अपना दबदबा बनाया है. महेंद्र सिंह धोनी, विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे खिलाड़ियों की फैन फॉलोइंग दुनिया के हर देश में हैं. भारत में क्रिकेट के अंदर कॉम्पिटिशन काफी तगड़ा है. यही वजह है कि कई भारतीय मूल के खिलाड़ी दूसरे देशों के लिए क्रिकेट खेलते हुए नजर आ जाते हैं. भारतीय मूल के क्रिकेटर नील पटेल को क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने भारत के खिलाफ होने वाली अंडर-19 सीरीज के लिए अपनी टीम में चुना है. भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच अंडर-19 का यह दौरा 13 सितंबर से शुरू होने जा रहा है. क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने इसके लिए 16 सदस्यीय युवा टीम का ऐलान किया है, जिसमें नील पटेल को अहम जिम्मेदारी मिली है. इस दौरे पर दोनों टीमों के बीच सीमित ओवर और लाल गेंद दोनों तरह का क्रिकेट खेला जाएंगे. Australia's U19 team is set for a multi-format tour of India next month, with the chance to build technical skills on different pitches: https://t.co/ubvu4yXrnY pic.twitter.com/rW5hkpvci6 नील पटेल मौजूदा समय में न्यू साउथ वेल्स के लिए ओपनिंग बल्लेबाजी करते हैं. जूनियर लेवल पर ही उनकी खेल की समझ ने दिग्गजों का ध्यान खींचा है. यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू साउथ वेल्स क्रिकेट क्लब की तरफ से खेलते हुए नील ने महज 16 साल की उम्र में इतिहास रच दिया. उन्होंने सिडनी प्रीमियर क्रिकेट फर्स्ट ग्रेड में एक कैलेंडर वर्ष में 1,000 से अधिक रन बनाए और ऐसा करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल हो गए. हाल ही में उन्होंने फर्स्ट-ग्रेड क्रिकेट में अपना पहला शानदार शतक भी जड़ा है. लंबे समय तक क्रीज पर टिके रहना और नई गेंद का डटकर सामना करना उनकी सबसे बड़ी खूबी है. बेहतरीन प्रदर्शन के कारण ही उन्हें एडिलेड में क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के अंडर-19 टैलेंट कैंप के लिए चुना गया था. बल्लेबाजी के साथ-साथ वह गेंद से भी टीम के लिए अहम योगदान देने का काम करते रहे हैं. केसी बार्टन, हेडन बारबुलोविक, एली ब्रेन , विल बायरम , ब्लेक कैटल, जैक ज़ोस्नेक , स्पेंसर ग्रीन, कॉनर ग्रेगरी, चार्ली हेंडरसन, ज़ेड होलिक, मैथ्यू लॉफ , नील पटेल, जैकब पिट्ज़, पैट्रिक सुलिवन , थियो त्सिंगोस, थॉमस वासिओ.
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Aug 3, 2026, 08:38 AM
भारत को खेल महाशक्ति बनाने के नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण को साकार करने के लिए कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया

भारत को खेल महाशक्ति बनाने के नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण को साकार करने के लिए कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत को खेल महाशक्ति बनाने और वर्ष 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी दिलाने के संकल्प को साकार करने के लिए यह यात्रा आयोजित की जा रही है। रेखा आर्या ने बताया कि कांवड़ यात्रा का शुभारंभ हरिद्वार स्थित हर की पौड़ी से होगा और इसका समापन ऋषिकेश के पावन वीरभद्र मंदिर में जलाभिषेक के साथ होगा। उन्होंने कहा कि भगवान भोलेनाथ के चरणों में जलाभिषेक कर भारत को वर्ष 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी मिलने तथा देश को खेलों के क्षेत्र में विश्व अग्रणी बनाने का संकल्प लिया जाएगा।विज्ञापन
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Aug 3, 2026, 08:30 AM
फेरारी की पहली इलेक्ट्रिक कार ल्यूस सिर्फ 60 दिनों में पूरी तरह से बुक की गई

फेरारी की पहली इलेक्ट्रिक कार ल्यूस सिर्फ 60 दिनों में पूरी तरह से बुक की गई

भारत के साथ ही दुनिया के सभी देशों में सबसे बेहतरीन स्‍पोर्ट्स कार ऑफर करने वाली निर्माता Ferrari ने अपनी पहली इलेक्‍ट्रिक कार के तौर पर Ferrari Luce को कुछ समय पहले ही पेश किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस गाड़ी की उपलब्‍ध यूनिट्स के लिए सिर्फ 60 दिनों में ही बुकिंग हो चुकी है। Ferrari Luce में किस तरह की खासियत दी गई है। हम आपको इस खबर में बता रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक फरारी की ओर से कुछ समय पहले ही पेश की गई पहली इलेक्‍ट्रिक कार Luce पूरी तरह से बुक हो चुकी है। निर्माता की ओर से इस गाड़ी की प्रांरभिक यूनिट्स को बिक्री के लिए उपलब्‍ध करवाया गया है। जानकारी के मुताबिक 2026 में इस कार की बिक्री का लक्ष्‍य 500 यूनिट्स रखा गया था। जिसे सिर्फ 60 दिनों में ही हासिल कर लिया गया है। ऐसे में फिलहाल इसके लिए अस्‍थाई तौर पर बुकिंग को रोका जा सकता है। फरारी की पहली इलेक्‍ट्रिक कार Luce को बड़ी बड़ी टचस्‍क्रीन की जगह एक स्‍क्रीन के साथ फिजिकल बटन के साथ ऑफर किया गया है। जिससे यह कार मॉडर्न होते हुए भी विंटेज कारों का अहसास करवाती है। फरारी की पहली इलेक्‍ट्रिक कार को न सिर्फ विंटेज कार की तरह बनाने की कोशिश की गई है बल्कि इसे नए जमाने की कारों वाले फीचर्स भी दिए गए हैं। इसमें ADAS, क्रू्ज कंट्रोल, वाइपर, सस्‍पेंशन के साथ ही मोड्स को भी स्‍टेयरिंग में अलग से दिया गया है, जिससे इनको आसानी से उपयोग किया जा सकता है। इसी के साथ स्‍टेयरिंग में ही इंडीकेटर के लिए बटन भी दिए गए हैं। इसके साथ ही इसमें 21 स्‍पीकर ऑडियो सिस्‍टम, स्‍क्रीन में मैप, मीडिया सेंटिंग के साथ ही कई और तरह की सेटिंग को दिया गया है। जिसमें गाड़ी की बैटरी, मोटर और पावर की जानकारी भी मिलती है। निर्माता की ओर से इस कार को 122 kWh की क्षमता की बैटरी दी गई है। इस बैटरी से कार को सिंगल चार्ज में 530 किलोमीटर तक चलाया जा सकता है। इसमें हर पहिए पर मोटर को दिया गया है और इससे कार को 1050 सीवी की पावर मिलती है। इस कार को सिर्फ 2.5 सेकेंड में ही 0 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की स्‍पीड से चलाया जा सकता है। इसकी अधिकतम स्‍पीड 310 किलोमीटर प्रति घंटा तक है। निर्माता की ओर से इस कार को 5.50 लाख यूरो से 6.40 लाख यूरो की कीमत पर ऑफर किया गया है। जो भारतीय रुपये में करीब 6.03 करोड़ रुपये से 7.02 करोड़ रुपये होते हैं।
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Aug 3, 2026, 08:15 AM
कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष यौन उत्पीड़न मामले में बरी

कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष यौन उत्पीड़न मामले में बरी

पूर्व भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह को यौन उत्पीड़न मामले में दिल्ली की अदालत से बरी किए जाने के बाद भारतीय पहलवान विनेश फोगाट ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि महिला पहलवान इस फैसले से निराश हैं, लेकिन उनकी लड़ाई खत्म नहीं हुई है। उन्होंने साफ किया कि अदालत के इस फैसले के खिलाफ जल्द ही उच्च न्यायालय में अपील की जाएगी।
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Aug 3, 2026, 08:07 AM
भारतीय दूतावास ने रेस्तरां के गलत मानचित्र चित्रण की निंदा की

भारतीय दूतावास ने रेस्तरां के गलत मानचित्र चित्रण की निंदा की

बोरगोहेन के वीडियो वायरल होने के तुरंत बाद, मिस्टर सिंह्स इंडिया नामक रेस्टोरेंट ने एक बयान जारी कर चिंता जताई। हालांकि, कुछ ही मिनटों बाद रेस्टोरेंट ने अपना इंस्टाग्राम पेज डिलीट कर दिया। हालांकि रेस्टोरेंट की ओर से सुधारात्मक उपायों का एक बयान जारी किया गया था, लेकिन भारतीय दूतावास ने दिन में पहले कहा था, 'हमने उस रेस्टोरेंट के परिसर में भारत के गलत नक्शे के चित्रण पर चिंता व्यक्त की है, जहां भारतीय खेल दल के सदस्यों को कल शाम ठहराया गया था।'
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Aug 3, 2026, 07:50 AM
रवींद्र जडेजा ने टेस्ट क्रिकेट में वीरेंदर सहवाग के रिकॉर्ड की बराबरी की

रवींद्र जडेजा ने टेस्ट क्रिकेट में वीरेंदर सहवाग के रिकॉर्ड की बराबरी की

भारतीय क्रिकेट टीम श्रीलंका दौरे की तैयारियों में जुटी है। 15 अगस्त से भारत और मेजबान श्रीलंका के बीच 2 मैचों की टेस्ट सीरीज का आगाज होगा , जिसमें शिरकत करने के साथ ही भारत के स्टार ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा पूर्व भारतीय ओपनर वीरेंद्र सहवाग की बराबरी कर लेंगे। दरअसल, साल 2009 में डेब्यू करने के बाद से रवींद्र जडेजा ने भारत की ओर से इंटरनेशनल क्रिकेट में तीनों फॉर्मेट में कुल मिलाकर 373 मुकाबले खेले हैं। श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच का हिस्सा बनते ही वह इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैच खेलने भारतीय खिलाड़ियों की लिस्ट में वीरेंद्र सहवाग की बराबरी कर लेंगे। सहवाग ने 1999 से 2013 के बीच 374 मैच खेले थे। यही नहीं, रवींद्र जडेजा श्रीलंका दौरे पर 2 विकेट लेते ही टेस्ट क्रिकेट में 350 विकेट पूरे कर लेंगे। ऐसा करने वाले वह सिर्फ 5वें भारतीय गेंदबाज बन जाएंगे। अब तक सिर्फ अनिल कुंबले, रविचंद्रन अश्विन, कपिल देव और हरभजन सिंह के नाम ही यह उपलब्धि दर्ज है। इस क्लब में कपिल देव एकमात्र तेज गेंदबाज हैं। गौरतलब है कि 37 साल के रवींद्र जडेजा ने भारत के लिए 89 टेस्ट मैच खेले हैं, जिसकी 133 पारियों में 4096 रन बनाए हैं। वहीं, 167 पारियों में गेंदबाजी करते हुए 348 विकेट अपने नाम किए हैं। जडेजा के पास अब भारत के लिए 100 टेस्ट मैच खेलकर इतिहास रचने का मौका है। अब तक सिर्फ 14 भारतीय ही 100 या उससे ज्यादा टेस्ट मैच खेलने में कामयाब रहे हैं। शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उप-कप्तान), यशस्वी जयसवाल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), साई सुदर्शन, ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रवींद्र जडेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन, आकिब नबी। पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, BCCI ने किया जसप्रीत बुमराह के रिप्लेसमेंट का ऐलान Latest Cricket News
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Aug 3, 2026, 07:27 AM
भारत बनाम श्रीलंका 2 टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले अहम फैसला, ऑकिब नबी ने ली तेज गेंदबाज जसप्रित बुमरा की जगह

भारत बनाम श्रीलंका 2 टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले अहम फैसला, ऑकिब नबी ने ली तेज गेंदबाज जसप्रित बुमरा की जगह

भारतीय टीम के सामने अगली बड़ी चुनौती श्रीलंका की है. 2 टेस्ट मैचों की सीरीज 15 अगस्त से शुरू होगी और यह दोनों टीमों के लिए बहुत महत्वपूर्ण सीरीज है, क्योंकि इसका WTC की टेबल पर गहरा असर पड़ने वाला है. BCCI ने आगामी सीरीज के लिए टीम इंडिया में बदलाव भी किया है, क्योंकि जसप्रीत बुमराह बाहर हो गए हैं और उनकी जगह जम्मू-कश्मीर के आकिब नबी (Auqib Nabi) को मिली है. भारत और श्रीलंका का पहला टेस्ट 15 अगस्त से गाले में खेला जाएगा, जबकि दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो में खेला जाना है. उससे पहले 7 अगस्त-9 अगस्त तक भारतीय टीम एक वॉर्मअप मैच भी खेलेगी. यहां ऐसे 3 भारतीय खिलाड़ियों के बारे में जानिए, जिनपर सबकी नजरें टिकी होंगी. जाहिर है सबसे पहला नाम आकिब नबी का ही होगा. जम्मू-कश्मीर के इस तेज गेंदबाज को पहली बार टीम इंडिया में जगह मिली है. इरफान पठान और मुनाफ पटेल जैसे दिग्गज गेंदबाज, आकिब नबी की खुलकर तारीफ कर चुके हैं. आकिब रणजी सीजन में 10 मैचों में 60 विकेट लेकर आ रहे हैं, इसलिए उनसे क्रिकेट फैंस को काफी उम्मीदें होंगी. खासतौर पर उनका एक्शन बहुत ही जबरदस्त है और देखना दिलचस्प होगा कि वो श्रीलंकाई बैटिंग को बैकफुट पर भेज पाते हैं या नहीं. अफगानिस्तान और इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में रवींद्र जडेजा दूर-दूर तक दिखाई नहीं दिए. इससे साफ संकेत मिले हैं कि चयनकर्ताओं ने उन्हें 2027 वर्ल्ड कप की योजनाओं में शामिल नहीं किया है. अब जडेजा सिर्फ टेस्ट ही खेलते दिख सकते हैं. जडेजा 2026 में अपना पहला टेस्ट मैच खेल रहे होंगे. श्रीलंका दौरे पर जडेजा को बढ़िया प्रदर्शन करके दिखाना होगा, क्योंकि खराब परफॉरमेंस उन्हें टेस्ट टीम से भी बाहर का रास्ता दिखा सकता है. इंग्लैंड, दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड के कई खिलाड़ी जिस उम्र में क्रिकेट को अलविदा कह चुके होते हैं, उस उम्र में सारांश जैन अपना इंटरनेशनल डेब्यू कर सकते हैं. 33 वर्षीय सारांश जैन को चोटिल वाशिंगटन सुंदर की जगह टीम में मौका मिला है. वो बाएं हाथ से बल्लेबाजी और दायें हाथ से ऑफ-स्पिन गेंदबाजी करते हैं.
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Aug 3, 2026, 07:20 AM
पाकिस्तान ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में केवल एक कांस्य पदक जीता

पाकिस्तान ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में केवल एक कांस्य पदक जीता

ग्लासगो में संपन्न हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा. 21 खिलाड़ियों का दल उतारने के बावजूद पाकिस्तान की झोली में सिर्फ एक कांस्य पदक आया. यह कांस्य पदक महिला मुक्केबाज फातिमा जहरा ने 60 किलोग्राम भारवर्ग में जीता और पाकिस्तान की लाज बचाई. इसके साथ ही फातिमा जहरा कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक जीतने वाली पाकिस्तान की पहली महिला बॉक्सर भी बन गईं. फातिमा के इस ऐतिहासिक प्रदर्शन का सम्मान करते हुए पाकिस्तान ने उन्हें समापन समारोह में अपने देश का ध्वजवाहक भी बनाया. फातिमा के कांस्य की बदौलत पाकिस्तान अंकतालिका में संयुक्त रूप से 36वें नंबर पर रहा. The final Medal Table 🥇🥈🥉 #Glasgow2026 pic.twitter.com/3fl2BKKXkl कॉमनवेल्थ गेम्स में पिछले 36 वर्षों में पाकिस्तान का ये सबसे खराब प्रदर्शन रहा. साल 1998 में पाकिस्तान ने सिर्फ एक रजत पदक जीता था, जबकि 1990 में उसे कोई भी पदक नहीं मिला था. ऐसे में 2026 का प्रदर्शन पिछले साढ़े तीन दशक का सबसे खराब माना जा रहा है. जहां पाकिस्तान सिर्फ एक कांस्य पदक जीत पाया, वहीं भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 39 पदक अपने नाम किए. भारत के खाते में 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य पदक आए. भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा. भारतीय मुक्केबाजों ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया और 14 में से 10 बॉक्सर्स पदक जीतने में सफल रहे. ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में ऑस्ट्रेलिया ने एक बार फिर अपना दबदबा कायम रखा और 171 पदकों के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया. इंग्लैंड (110 पदक) दूसरे और कनाडा (62 पदक) तीसरे नंबर पर रहा. बांग्लादेश ने भी इन खेलों में अपना 15 सदस्यीय दल भेजा था, लेकिन वो एक भी पदक नहीं जीत सका. यानी बांग्लादेश का हाल तो पाकिस्तान से भी बुरा रहा. 2022 के बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स में पाकिस्तान ने 7 पदक (2 स्वर्ण, 3 रजत, 2 कांस्य) जीते थे. उसकी तुलना में इस बार का प्रदर्शन बेहद खराब रहा. पाकिस्तान की सबसे बड़ी उम्मीद ओलंपिक चैम्पियन अरशद नदीम थे, जो उद्घाटन समारोह में देश के ध्वजवाहक भी बने. उन्होंने 78.63 मीटर के थ्रो के साथ मेन्स जैवलिन थ्रो के फाइनल में जगह बनाई. लेकिन फाइनल में 77.41 मीटर का सर्वश्रेष्ठ प्रयास ही कर सके और नौवें स्थान पर रहे. इसके साथ ही अरशद नदीम बर्मिंघम 2022 में जीता अपना कॉमनवेल्थ खिताब बचाने में नाकाम रहे. वहीं दूसरे भाला फेंक खिलाड़ी यासिर सुल्तान 74.36 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ क्वालिफिकेशन में 14वें स्थान पर रहे और फाइनल में जगह नहीं बना सके. जूडो में पाकिस्तान की एक और बड़ी उम्मीद शाह हुसैन शाह पहले ही मुकाबले में हारकर बाहर हो गए. इसके अलावा एथलेटिक्स, भारोत्तोलन, कलात्मक जिमनास्टिक, बाउल्स और तैराकी में भी पाकिस्तान के खिलाड़ी पदक जीतने में नाकाम रहे.
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Aug 3, 2026, 07:19 AM
राशिद खान के पांच विकेट के हौल ने द हंड्रेड में एम. आई. लंदन की जीत सुनिश्चित की

राशिद खान के पांच विकेट के हौल ने द हंड्रेड में एम. आई. लंदन की जीत सुनिश्चित की

राशिद खान ने केवल 20 बॉल पर 5 ​विकेट लेकर अपनी टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका अदा की। उन्होंने ये कमाल द हंड्रेड में किया, जहां लगातार मुकाबले खेले जा रहे हैं। एडन मारक्रम ने अपनी टीम के लिए धमाकेदार अर्धशतक लगाया, लेकिन इसके बाद भी वे अपनी टीम को जीत दिलाने में कामयाब नहीं हो पाए। मुकाबला एमआई लंदन और मैनचेस्टर सुपर जायंट्स के बीच खेला गया। द हंड्रेड में एमआई लंदन और मैनचेस्टर सुपर जायंट्स के बीच मुकाबला खेला गया। पहले बल्लेबाजी करते हुए एमआई लंदन ने 100 बॉल पर 6 विकेट खोकर 183 रन बनाए थे। जो कि एक ठीकठाक स्कोर था। सलामी बल्लेबाज विल जैक्स ने 31 बॉल पर ताबड़तोड़ अंदाज में 62 रनों की पारी खेली। इसमें तीन चौके और छह छक्के आए। तीसरे नंबर पर आए निकोलस पूरन ने 28 बॉल पर 54 रनों की धमाकेदार पारी खेली। उन्होंने पांच चौके और चार छक्के ठोके। सैम करन ने भी तेजी के साथ 11 बॉल पर 23 रन बना दिए। इसके बाद जब लक्ष्य का पीछा करने के लिए मैनचेस्टर सुपर जायंट्स की टीम उतरी तो कप्तान एडन मारक्रम ने 26 बॉल पर तेज 50 रन बनाए। इसके बाद जब गेंदबाजी के लिए राशिद खान आए तो सब कुछ अचानक से बदल गया। उन्होंने जबरदस्त गेंदबाजी करते हुए केवल 20 बॉल पर 5 विकेट लेकर विरोधी टीम की कमर तोड़ दी। इस दौरान उन्होंने केवल 17 ही रन खर्च किए। मैनचेस्टर सुपर जायंट्स की टीम अपने कोटे की पूरी 100 बॉल भी नहीं खेल पाई और केवल 138 रन ही बना सकी। इस तरह से एमआई लंदन ने 45 रन से मैच अपने नाम कर लिया। राशिद खान को मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी भी चुना गया। टीम के लिए एडन मारक्रम के अलावा और कोई भी बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल पाया। यही उसकी हार का प्रमुख कारण रहा। 100 बॉल के इस टूर्नामेंट में दुनियाभर के कई खिलाड़ी अपना अपना जलवा दिखा रहे हैं। यह भी पढ़ें पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, BCCI ने किया जसप्रीत बुमराह के रिप्लेसमेंट का ऐलान Latest Cricket News
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Aug 3, 2026, 07:17 AM
राजस्थान की संध्या विश्नोई ने अंडर-17 विश्व कुश्ती चैंपियनशिप 2026 में रजत पदक जीता

राजस्थान की संध्या विश्नोई ने अंडर-17 विश्व कुश्ती चैंपियनशिप 2026 में रजत पदक जीता

राजस्थान के भीलवाड़ा के पुर कस्बे की रहने वाली संध्या विश्नोई ने अजरबैजान के बाकू में आयोजित अंडर-17 विश्व कुश्ती चैम्पियनशिप 2026 में 46 किलोग्राम वर्ग का सिल्वर मेडल जीतकर भारत का नाम रोशन किया है. संध्या ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया. पहले मुकाबले में पोलैंड की पहलवान को 10-0 से हराया. इसके बाद क्वार्टर फाइनल में रूस की खिलाड़ी को भी 10-0 से मात दी. सेमीफाइनल में कजाकिस्तान की इनजहू को महज 30 सेकंड में 'झोला दांव' से चित कर फाइनल में जगह बनाई. फाइनल मुकाबले में जापान की कोकोना मंकीनो के खिलाफ संध्या के कान और हाथ में चोट लगी, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी. दर्द के बावजूद पूरा मुकाबला खेला, हालांकि उन्हें 11-2 से हार का सामना करना पड़ा और सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा. Heartiest congratulations to Rajasthan’s talented wrestler Sandhya Bishnoi on winning the Silver Medal in the 46 kg category at the U-17 World Wrestling Championships 2026 in Baku, Azerbaijan. Your remarkable achievement is an inspiration to young athletes and daughters across… pic.twitter.com/k0QzCIyZJk संध्या अंडर-17 विश्व कुश्ती चैम्पियनशिप 2026 के फाइनल तक पहुंचने वाली राजस्थान की चौथी पहलवान बनी हैं. वहीं इस प्रतियोगिता में मेडल जीतने वाली प्रदेश की तीसरी पहलवान हैं. इससे पहले भीलवाड़ा की अश्विनी विश्नोई गोल्ड और सीकर की कोमल ब्रॉन्ज मेडल जीत चुकी हैं. कोच कल्याण विश्नोई ने कहा कि संध्या ने पूरे टूर्नामेंट में बेहतरीन प्रदर्शन किया. अब हमारा अगला लक्ष्य विश्व चैम्पियनशिप में भारत के लिए गोल्ड मेडल जीतना है. संध्या के पिता निर्मल विश्नोई भीलवाड़ा की एक फैक्ट्री में मजदूर हैं. आर्थिक तंगी के बावजूद उन्होंने कभी अपनी बेटी के सपनों को नहीं रोका. संध्या की बड़ी बहन भी राष्ट्रीय स्तर की पहलवान रह चुकी हैं लेकिन चोट के कारण उन्हें कुश्ती छोड़नी पड़ी. पिछले 4 सालों से वह रोज सुबह-शाम संध्या को अभ्यास के लिए अखाड़ा छोड़ने और लाने जाते रहे. परिवार में चार बेटियां हैं, लेकिन पिता ने कभी बेटे की कमी महसूस नहीं होने दी. संध्या ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, कोच और मामा को दिया. उनका कहना है कि चार साल की मेहनत रंग लाई है और अब उनका एकमात्र लक्ष्य भारत के लिए विश्व चैम्पियनशिप का गोल्ड मेडल जीतना है.
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Aug 3, 2026, 07:16 AM
बरी किए गए डब्ल्यू. एफ. आई. के पूर्व प्रमुख ने यौन उत्पीड़न मामले के फैसले पर प्रतिक्रिया व्यक्त की

बरी किए गए डब्ल्यू. एफ. आई. के पूर्व प्रमुख ने यौन उत्पीड़न मामले के फैसले पर प्रतिक्रिया व्यक्त की

महिला पहलवानों की ओर से दर्ज कराए गए कथित यौन उत्पीड़न के मामले में दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने बृजभूषण शरण सिंह को बरी कर दिया है। वहीं कोर्ट के द्वारा बरी किए जाने के बाद WFI के पूर्व प्रमुख और BJP नेता बृजभूषण शरण सिंह ने सोमवार को अपनी पहली प्रतिक्रिया दी। इस फैसले को अपने और अपने समर्थकों के लिए राहत का पल बताते हुए सिंह ने कहा कि उन्होंने हमेशा यही कहा था कि अगर अदालत में उन पर लगा कोई भी आरोप साबित होता है, तो वे उसका नतीजा भुगतने के लिए तैयार हैं। बृजभूषण सिंह ने राजनीति में वापसी को लेकर पूछे गए सवाल पर कहा, "होइहि सोइ जो राम रचि राखा" (जो होना है, वही होगा, जैसा भगवान राम ने तय किया है)। बृजभूषण शरण सिंह ने अपनी कानूनी टीम का शुक्रिया अदा किया और कहा कि जब तक वे अदालत का पूरा फ़ैसला नहीं पढ़ लेते, तब तक वे इस पर कोई विस्तृत टिप्पणी नहीं करेंगे। उन्होंने आगे कहा, "पहले दिन, जब मेरा पहला बयान आया था, तो मैंने कहा था कि अगर कोई फ़ैसला या कोई आरोप साबित हो जाता है, तो मैं फांसी लगा लूंगा। आज, कोर्ट ने मुझे सम्मान के साथ बरी कर दिया है। यह मेरे और मेरे समर्थकों के लिए खुशी की बात है। आज खुशी का दिन है।" उन्होंने आगे कहा कि भले ही फ़ैसले से राहत मिली है, लेकिन केस पर आगे कोई भी टिप्पणी करने से पहले वह कोर्ट के विस्तृत आदेश का इंतज़ार करेंगे। आज, लगभग तीन साल बाद, कोर्ट ने मुझे और विनोद को सम्मानपूर्वक बरी कर दिया है। मैंने हमेशा कमज़ोर लोगों और उनके अधिकारों के लिए आवाज़ उठाई है। मुझे पूरा भरोसा था कि मुझे न्याय मिलेगा, और मैंने कभी खुद को दोषी महसूस नहीं किया। हम उन जूनियर एथलीटों के लिए लड़ रहे थे जिनके अधिकारों का हनन हो रहा था, और मुझे खुशी है कि हम वह लड़ाई जीत गए। बृजभूषण सिंह ने कहा, "मैं आज किसी को बद्दुआ नहीं दूंगा, लेकिन सब जानते हैं किसने क्या किया है? अगर भगवान राम के खिलाफ मंथरा और कैकई ने साजिश नहीं की होती तो भगवान राम केवल अयोध्या के राजा ही रह जाते। लोग ऐसे आरोपों में आत्महत्या कर लेते हैं, जहर खा लेते हैं, लेकिन मेरा संबल बना रहा। मुझे शुरू से मालूम था, इसलिए मेरे चेहरे पर पहले भी मुस्कान रहती थी। लोगों को अहंकार लगता था, लेकिन मुझे और मेरे परिवार को पता था।" उन्होंने आगे कहा, "विपक्ष का क्या है, हमारा विपक्ष कभी महिलाओं के पीछे कभी Gen-Z के पीछे, कभी एथेनॉल के पीछे रहता है। ये तो पीछे से वार करने वाले हैं।" वहीं दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट के फैसले पर ब्रृजभूषण सिंह के बेटे कर्ण भूषण ने कहा, "आज न्याय मिला इस बात की बहुत खुशी है। आज जमकर जश्न मनेगा, मीडिया भी आमंत्रित है। न्यायालय के फैसले से न्याय हुआ है।"
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Aug 3, 2026, 06:46 AM
ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम ने भारत दौरे के लिए भारतीय मूल के सलामी बल्लेबाज नील पटेल का चयन किया

ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम ने भारत दौरे के लिए भारतीय मूल के सलामी बल्लेबाज नील पटेल का चयन किया

भारतीय मूल के ओपनिंग बैटर नील पटेल को अगले महीने भारत के मल्टी-फ़ॉर्मेट दौरे के लिए ऑस्ट्रेलिया की अंडर-19 टीम में शामिल किया गया है, जो उनके युवा करियर का एक बहुत बड़ा मौका है. न्यू साउथ वेल्स के इस युवा खिलाड़ी को ऑस्ट्रेलिया के 16 सबसे होनहार उभरते हुए क्रिकेटरों में चुना गया है. चार हफ़्ते के इस दौरे में मेहमान टीम 13 सितंबर से 9 अक्टूबर के बीच राजकोट और अहमदाबाद में भारत की अंडर-19 टीम के ख़िलाफ़ तीन वनडे और दो चार-दिवसीय मैच खेलेगी. पटेल के लिए यह चयन उनके तेज़ी से आगे बढ़ते करियर में एक और अहम पड़ाव है. वे पहले ही ऑस्ट्रेलिया के सबसे रोमांचक युवा बैटिंग टैलेंट में से एक के तौर पर अपनी पहचान बना चुके हैं. नील पटेल एक शानदार ओपनिंग बल्लेबाज़ हैं जो जरूरत पड़ने पर ऑफ़-स्पिन गेंदबाज़ी भी करते हैं. पटेल ने क्रीज़ पर अपनी निरंतरता और समझदारी के दम पर ऑस्ट्रेलिया के जूनियर क्रिकेट में तेज़ी से तरक्की की है. यूनिवर्सिटी ऑफ़ न्यू साउथ वेल्स (UNSW) क्रिकेट क्लब की ओर से खेलते हुए पटेल ने सिर्फ़ 16 साल की उम्र में सुर्खियां बटोरीं. उन्होंने एक कैलेंडर साल में 1,000 से ज़्यादा रन बनाकर सिडनी प्रीमियर क्रिकेट फ़र्स्ट ग्रेड के इतिहास में सबसे कम उम्र के खिलाड़ियों में से एक बनने का कारनामा किया. पाकिस्तानी कप्तान बाबर आजम ने रच दिया इतिहास, बनाया ये खास रिकॉर्ड इसके बाद उन्होंने अपनी उपलब्धियों की बढ़ती लिस्ट में पहली 'फर्स्ट-ग्रेड' सेंचुरी भी जोड़ी. उनके शानदार प्रदर्शन की वजह से उन्हें एडिलेड में क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के प्रतिष्ठित अंडर-19 मेन्स टैलेंट कैंप के लिए चुना गया, जहां उन्हें देश के उभरते हुए बेहतरीन युवा खिलाड़ियों में से एक माना गया. फ़िलहाल न्यू साउथ वेल्स के लिए जूनियर लेवल पर ओपनिंग बैटिंग करने वाले पटेल, लंबे समय तक क्रीज़ पर टिके रहने और साथ ही स्कोरबोर्ड को आगे बढ़ाते रहने की अपनी काबिलियत के लिए जाने जाते हैं. बैटिंग के अलावा वे ऑफ़-स्पिन बॉलिंग में भी योगदान देते हैं, जिससे वे एक बेहतरीन ऑल-राउंडर विकल्प बन जाते हैं. संकल्प ठाकुर पिछले 10 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत न्यूज़ 24 से की, इसके बाद न्यूज़ नेशन में कार्य किया. वर्तमान में वह एबीपी हिंदी डिजिटल में डिप्टी प्रोड्यूसर के पद पर कार्यरत हैं और पिछले सात वर्षों से संस्थान के साथ जुड़े हुए हैं. उन्हें खेल, अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और चुनावी राजनीति से जुड़ी खबरों की गहरी समझ है. इसके अलावा साहित्य, कला और संस्कृति से जुड़े विषयों पर लेखन उनकी विशेष रुचि और विशेषज्ञता का क्षेत्र है. उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी साहित्य में स्नातक की उपाधि प्राप्त की है.
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Aug 3, 2026, 06:34 AM
बाबर आज़म अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में पाकिस्तानी कप्तानों के एलीट क्लब में शामिल हुए

बाबर आज़म अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में पाकिस्तानी कप्तानों के एलीट क्लब में शामिल हुए

1/5Image Source : APबाबर आजम ने पाकिस्तान क्रिकेट टीम की कप्तानी करते हुए इंटरनेशनल क्रिकेट में बड़ा मुकाम हासिल कर लिया है। वह उन चुनिंदा पाकिस्तानी कप्तानों के क्लब में शुमार हो गए हैं, जिन्होंने इंटरनेशनल क्रिकेट में 150 या उससे ज्यादा मैचों में पाकिस्तान टीम की कप्तानी की है। आइए जानते हैं इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने वाले पाकिस्तानी क्रिकेटरों के बारे में...2/5Image Source : PTIइंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने के मामले में वसीम अकरम चौथे स्थान पर हैं। वसीम अकरम ने 134 मैचों में पाकिस्तानी टीम की कमान संभाली। उन्होंने 25 टेस्ट और 109 ODI मैचों में पाकिस्तान टीम की कप्तानी की।3/5Image Source : APबाबर आजम इंटरनेशनल क्रिकेट में पाकिस्तान के लिए सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी के मामले में तीसरे स्थान पर पहुंच गए हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट मैच में उतरने के साथ ही बाबर आजम ने बतौर कप्तान 150 इंटरनेशनल मैच खेलने का कारनामा कर दिखाया। बाबर ने 22 टेस्ट, 43 ODI और 85 T20I मैचों में पाकिस्तान की कप्तानी की है।4/5Image Source : AFPइंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैचों में पाकिस्तान टीम की कप्तानी करने के मामले में मिस्बाह-उल हक दूसरे पायदान पर हैं। में मिस्बाह-उल हक ने 151 मैचों में पाकिस्तान टीम की कमान संभाली। मिस्बाह ने 56 टेस्ट, 87 ODI और 8 T20I मैचों में पाकिस्तान की कप्तानी की।5/5Image Source : APइमरान खान पाकिस्तान की ओर से इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने वाले क्रिकेटर हैं। इमरान खान ने 187 मैचों में कप्तानी की। उन्होंने 48 टेस्ट मैच और 139 ODI मैचों में पाकिस्तान टीम की कमान संभाली।
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Aug 3, 2026, 06:22 AM
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय क्रिकेट टीम को लगी चोट

श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय क्रिकेट टीम को लगी चोट

15 अगस्त से श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय टीम मुश्किलों में है. जसप्रीत बुमराह पूरी तरह फिट नहीं होने के कारण इस सीरीज से बाहर हो चुके हैं. बुमराह की जगह जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबीं को स्क्वॉड में शामिल किया है. भारतीय टीम में इंजरी की ये समस्या कोई नई नहीं है. देखा जाए तो पिछले कुछ महीनों में एक के बाद एक अहम खिलाड़ी चोटिल हो रहे हैं, जो चिंता का सबब है. अब इस पूरे मामले में भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड (BCCI) भी एक्शन मोड में आ गया है. TOI की रिपोर्ट के मुताबिक श्रीलंका टेस्ट सीरीज के बाद बोर्ड टीम के हेड फिजियो कमलेश जैन, टीम डॉक्टर डॉ. रिजवान खान और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) की कार्यप्रणाली की समीक्षा करेगा. अगर रिपोर्ट संतोषजनक नहीं रही तो सपोर्ट स्टाफ में बदलाव से भी इनकार नहीं किया जा सकता. टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर और कप्तान शुभमन गिल लगातार खिलाड़ियों की चोटों से परेशान हैं. हाल के दौरों में कई बार ऐसा हुआ, जब टीम को आखिरी समय में फिटनेस के आधार पर अपनी प्लेइंग इलेवन बदलनी पड़ी. बताया जा रहा है कि इंग्लैंड दौरे के दौरान टीम मैनेजमेंट ने कई बैठकों में इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया था. कोच और कप्तान का मानना है कि लगातार चोटों के कारण टीम कभी भी अपनी पहली पसंद की प्लेइंग इलेवन के साथ मैदान पर नहीं उतर पा रही है. पिछले महीने लॉर्ड्स ओडीआई के बाद कप्तान शुभमन गिल ने खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर खुलकर चिंता जताई थी. उन्होंने कहा था, 'जब सुबह मैदान पर आकर पता चलता है कि किसी खिलाड़ी को हल्की चोट है, तब पूरी रणनीति बदलनी पड़ती है. अगर कोई गेंदबाज 80 प्रतिशत फिट है और कुछ ओवर बाद मैदान छोड़ देता है तो बाकी गेंदबाजों पर अतिरिक्त दबाव आ जाता है. एक टीम के तौर पर हमें अपनी फिटनेस पर और काम करना होगा.' गिल का यह बयान अब बीसीसीआई की समीक्षा प्रक्रिया के केंद्र में माना जा रहा है. टीम इंडिया के मेडिकल सिस्टम पर सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर खिलाड़ी इतनी जल्दी-जल्दी चोटिल क्यों हो रहे हैं. हाल के महीनों में जसप्रीत बुमराह, हर्षित राणा, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर और साई सुदर्शन फिटनेस समस्याओं से जूझते रहे हैं. बुमराह घुटने की परेशानी के कारण श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए. हर्षित राणा और नीतीश कुमार रेड्डी भी चोट के कारण चयन के लिए उपलब्ध नहीं थे. जबकि वॉशिंगटन सुंदर भी पहला टेस्ट के लिए उपलब्ध नहीं थे और उन्हें टीम में ही शामिल नहींं किया गया. साई सुदर्शन भी फिटनेस क्लीयरेंस मिलने के बाद ही श्रीलंका सीरीज में खेल पाएंगे. उधर वरुण चक्रवर्ती और हार्दिक पंड्या जैसे स्टार खिलाड़ी भी इंजरी की समस्याओं से जूझ रहे हैं. सूत्रों का दावा है कि कई वरिष्ठ खिलाड़ी अब फिटनेस और रिकवरी के लिए बाहरी विशेषज्ञों से भी सलाह ले रहे हैं. इसके अलावा स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग विभाग में सोहम देसाई की जगह एड्रियन ले रॉक्स के आने के बाद स्थिति कुछ ज्यादा बिगड़ी है. कुछ खिलाड़ियों को ये बदलाव सहज नहीं लगा. बोर्ड के भीतर यह सवाल भी उठ रहे हैं कि कहीं खिलाड़ियों को पूरी तरह फिट होने से पहले मैदान पर तो नहीं उतारा गया. • क्या नीतीश कुमार रेड्डी अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरा वनडे खेलने के समय पूरी तरह फिट थे? • क्या हर्षित राणा और वरुण चक्रवर्ती की वापसी में जल्दबाजी की गई? • क्या खिलाड़ियों के वर्कलोड और रिकवरी की सही निगरानी हो रही है? • क्या CoE और टीम मैनेजमेंट के बीच और बेहतर तालमेल की दरकार है? भारतीय टीम का आने वाले महीनों में बेहद व्यस्त कार्यक्रम है. श्रीलंका टेस्ट सीरीज के बाद एशियन गेम्स 2026 में भारतीय टीम को भाग लेना है. इसी साल भारत को न्यूजीलैंड का दौरा करना है. फिर अगले साल बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के लिए भारत-ऑस्ट्रेलिया की टक्कर होनी है. अगले ही साल क्रिकेट वर्ल्ड कप भी होना है, जिसपर सबकी निगाहें हैं.
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Aug 3, 2026, 06:13 AM
दिल्ली की अदालत ने भाजपा के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह को यौन उत्पीड़न मामले में बरी कर दिया है।

दिल्ली की अदालत ने भाजपा के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह को यौन उत्पीड़न मामले में बरी कर दिया है।

महिला पहलवानों के द्वारा यौन शोषण के आरोप के मामले में बीजेपी के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह बरी हो गए हैं. दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने सोमवार को भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और विनोद तोमर को बरी कर दिया है. बाइज्जत बरी होने के बाद बृजभूषण सिंह अदालत से खुशी खुशी बाहर आए. यौन शोषण मामले में बरी होने के बाद बृजभूषण सिंह ने खुशी का इजहार किया और कहा कि मैं पहले ही दिन से कह रहा था कि अगर आरोप सिद्ध हुए तो फांसी पर मुझको लटका दीजिएगा. आज कोर्ट ने मुझे बाइज्जत बरी कर दिया है. बृजभूषण सिंह के वकील ने बताया कि कोर्ट ने दोनों अभियुक्तों के इज्जत बरी होने पर आज निर्णय सुनाया गया. बृजभूषण सिंह के बेटे करण भूषण की तरफ मुखातिब होते हुए कहा कि अभी ऑर्डर की कॉपी मिली नहीं है उसको मिलने के बाद में उसका किन आधार पर न्यायालय निष्कर्ष पर पहुंचा है, उसमें हम आपको बता सकते है. अभी जो हमारी तरफ से जो तर्क रखे गए थे वो मान लिए गए हैं. बीजेपी के पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने कहा कि सबसे पहले कोर्ट ने मुझे और विनोद तोमर को बाइज्जत बरी कर दिया है. कोर्ट ने कहा किआप दोनों लोगों को बाइज्जत बरी किया जाता है. मैं फर्स्ट डे जब से आरोप लगाए गए हैं, तब से हम रह थे कि यदि आरोप अगर साबित हो जाएगा, तो मैं खुद ही फांसी पर लटक जाऊंगा. कोर्ट ने बाइज्जत बरी किया. मेरे लिए प्रसन्नता का विषय है, मेरे समर्थकों के लिए प्रसन्नता का विषय है और हमारे वकील साहब बहुत बहुत आपको धन्यवाद. बीजेपी के पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने कहा कि सबसे पहले कोर्ट ने मुझे और विनोद तोमर को बाइज्जत बरी कर दिया है. कोर्ट ने कहा किआप दोनों लोगों को बाइज्जत बरी किया जाता है. मैं फर्स्ट डे जब से आरोप लगाए गए हैं, तब से हम रह थे कि यदि आरोप अगर साबित हो जाएगा, तो मैं खुद ही फांसी पर लटक जाऊंगा. कोर्ट ने बाइज्जत बरी किया. मेरे लिए प्रसन्नता का विषय है, मेरे समर्थकों को के लिए प्रसन्नता का विषय है और हमारे वकील साहब बहुत बहुत आपको धन्यवाद. बृजभूषण सिंह ने कहा कि मैं पहले दिन से कहता आया हूं कि अगर मेरे खिलाफ एक भी आरोप साबित हो जाए तो मैं सजा भुगतने के लिए तैयार हूं मुझे अपने ऊपर पूरा भरोसा थास क्योंकि मैं खुद को जानता हूं, आज मुझे लगता है कि मेरी बात सही साबित हुई है. उन्होंने कहा कि मेरा मानना है कि मेरे खिलाफ एक सुनियोजित साजिश रची गई, जिसमें सिर्फ कुछ पहलवान ही नहीं बल्कि कई राजनीतिक दल और नेता भी शामिल थे, जो लोग उस समय मुझे दोषी मान रहे थे, उन्हें अब अपने गिरेबान में झांकना चाहिए. बीजेपी के पूर्व सांसद ने कहा कि मैं एक सामान्य परिवार से आता हूं और वर्षों से ऐसे आरोपों और साजिशों का सामना करता रहा हूं. मेरे ऊपर पहले भी आरोप लगे, लेकिन मेरा हमेशा मानना रहा है कि वे कमजोर लोगों और खिलाड़ियों के हक की लड़ाई लड़ने की वजह से लगे. बृजभूषण सिंह ने कहा कि मैंने हमेशा जूनियर और कमजोर खिलाड़ियों के हितों के लिए आवाज उठाई है. मेरा मानना है कि उसी कारण मुझे निशाना बनाया गया। मैं यह भी मानता हूं कि कुछ राजनीतिक दल दूसरों के आंदोलनों के सहारे राजनीति करते हैं, जबकि उन्हें अपने दम पर लड़ाई लड़नी चाहिए. उन्होंने कहा, 'जहां तक इस मामले का सवाल है, जंतर-मंतर पर कौन-कौन लोग और कौन-कौन से राजनीतिक दल मौजूद थे, इसका रिकॉर्ड मौजूद है, मेरा मानना है कि फेडरेशन के कुछ लोग मुझे अध्यक्ष के पद पर दोबारा नहीं देखना चाहते थे, जनवरी में आरोप लगे और अप्रैल में अध्यक्ष का चुनाव होना था, मुझे लगता है कि इन घटनाओं के समय पर भी सवाल उठना चाहिए कि क्या यह महज संयोग था. बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि भाटी जी वो कहां गया बिल्ला और फिर इससे ज़्यादा आज कुछ नहीं कह सकते है. बाकी अब कोर्ट का जो कॉपी मिलेगी अब क्या जजमेंट आया है. आरोप जिस तरह से लगाए गए उसको लेकर क्या कहेंगे, इस पर उन्होंने कहा कि जब से आरोप लगे हैं, तब से मैं कह रहा था और मेरी पहली बात सही हुई. मुझे सामने वाले के बारे में पता नहीं था, विनोद जी आइए तोमर जी तोमर साहब और ये हमारे दामाद है, ये हमारे बेटे है आज सब लोग आए है. पहली बार हमारे बेटे है विधायक है. बृजभूषण सिंह ने कहा कि आरोप लगने के बाद से मेरी फर्स्ट प्रतिक्रिया यही थी की मैं खुद फांसी पर लटक जाऊंगा. अब बाकी आज प्रसन्नता का विषय है. पहला सोमवार है ईश्वर का धन्यवाद करना चाहेंगे ईश्वर हमेशा साथ रहते हैं. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि होइहि सोइ जो राम रचि राखा. बता दें कि देश की नामचीन महिला पहलवानों ने बृजभूषण शरण सिंह पर कुश्ती संघ के अध्यक्ष पद पर रहते हुए यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए थे. इस मामले को लेकर महिला पहलवानों ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन किया था , जिसके बाद दिल्ली पुलिस ने मामला दर्ज कर चार्जशीट दाखिल की थी. आरोप में घिरे होने के चलते बीजेपी ने 2024 के लोकसभा चुनाव में बृजभूषण शरण सिंह को टिकट नहीं दिया था. बृजभूषण सिंह ने अपनी जगह पर अपने बेटे को चुनाव लड़ाया था. अब कोर्ट में अभियोजन और बचाव पक्ष की लंबी बहस पूरी होने के बाद सोमवार को अपना फैसला सुनाया. ब्रजभूषण सिंह और विनोद तोमर को बरी कर दिया.
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Aug 3, 2026, 06:09 AM
भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज में चोटिल जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे आकिब नबी

भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज में चोटिल जसप्रित बुमरा की जगह लेंगे आकिब नबी

भारत और श्रीलंका की टेस्ट सीरीज का आगाज 15 अगस्त से होगा. उससे पहले जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी का नाम खूब चर्चा में है. दरअसल जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट से पूरी तरह उबर नहीं पाए हैं, इसलिए वो आगामी सीरीज से बाहर हो गए हैं. BCCI ने उनकी जगह श्रीलंका सीरीज में आकिब नबी को दी है. यह सब जानते हैं कि आकिब नबी जम्मू-कश्मीर से आते हैं और उन्होंने जम्मू-कश्मीर को पहली बार रणजी चैंपियन बनाने में बहुत महत्वपूर्ण योगदान दिया. उन्होंने 10 मुकाबलों में 60 विकेट लिए और रणजी ट्रॉफी 2025-26 सीजन में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे. ये आंकड़े वाकई शानदार हैं, लेकिन ऐसी क्या खासियत है जिसकी वजह से पूरी दुनिया में नबी का नाम फिलहाल खूब चर्चा में है. आकिब नबी दायें हाथ से गेंदबाजी करते हैं और उनकी औसतन बॉलिंग स्पीड 125-140 किमी प्रतिघंटा है. उनकी स्पीड घातक नहीं है, लेकिन वो दोनों तरफ गेंद को स्विंग करवाना जानते हैं. उनका रन-अप बहुत बेहतरीन हैं और टप्पे पर जबरदस्त पकड़ है. वो टेस्ट मैचों में कई घंटों तक एक ही टप्पे पर बॉलिंग कर सकते हैं, जिससे उन्हें बल्लेबाज को सेटअप करने में भी आसानी होती है. BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में काम कर चुके गेंदबाजी कोच पी कृष्णकुमार कहते हैं कि आकिब नबी का एक्शन लगभग परफेक्ट है, उनका रिलीज पॉइंट लगभग हर बार एक ही जगह पर होता है, जो उनकी गेंदबाजी में सटीकता को दर्शाता है. सबसे बड़ी बात यह है कि आकिब बिना एक्शन बदले गेंद को इन-स्विंग और आउट-स्विंग भी करवा सकते हैं. उनकी इन्हीं खासियतों की वजह से रणजी ट्रॉफी के फाइनल में केएल राहुल और मयंक अगरवाल जैसे सीनियर बल्लेबाज भी आकिब के सामने संघर्ष करते दिखे थे. पिछले दो डोमेस्टिक सीजन ने आकिब नबी के करियर को नई दिशा दिखाई है. पिछले 2 रणजी सीजन में उन्होंने 18 मैचों में 104 विकेट चटकाए हैं. रणजी ट्रॉफी 2024-25 सीजन में उन्होंने 8 मुकाबलों में 44 विकेट चटकाए थे, जबकि हालिया सीजन में उनका प्रदर्शन कर और बेहतर हुआ. इस बार उन्होंने 10 मुकाबलों में 60 विकेट लिए थे.
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